यूपी के ग्रेटर नोएडा के सेक्टर-17 में यमुना प्राधिकरण की टीम पर हमले और अवैध खनन के मामले में बड़ी कार्रवाई हुई है। जगनपुर चौकी प्रभारी सब इंस्पेक्टर सोनू शर्मा और तीन कांस्टेबल को लाइन हाजिर कर दिया गया है।
यूपी के ग्रेटर नोएडा में पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के निर्देश पर जगनपुर पुलिस चौकी के सभी पुलिसकर्मी लाइन हाजिर कर दिए गए हैं। सूत्रों के मुताबिक यह कारवाई उस मामले में हुई जिसमें यमुना ऑथोरिटी के अधिकारियों पर खनन माफियाओं ने हमला कर घायल कर दिया था। आरोप है कि हमले के बाद स्थानीय पुलिस ने पूरे मामले में लापरवाही बरती। जांच के बाद यह एक्शन लिया गया है। बताया जा रहा है कि चौकी इंचार्ज और चौकी पर तैनात 3 अन्य पुलिसकर्मियों को लाइन हाजिर किया गया है।सूत्रों के मुताबिक स्थानीय पुलिस चौकी के पुलिसकर्मियों और माफियाओं से सांठगांठ भी सामने आई है।
सोमवार देर रात यमुना अथॉरिटी की टीम अवैध खनन की सूचना मिलने पर उसे रोकने के लिए पहुंची थी। यमुना अथॉरिटी के सहायक प्रबंधक परियोजना संजय कुमार श्रीवास्तव ने मामला दर्ज कराया था कि कंपनी के सुपरवाइजर प्रमोद कुमार, गनमेन हरेंद्र सिंह उदयवीर सिंह सुरक्षाकर्मी विनोद कुमार के साथ अवैध खनन की सूचना पर सेक्टर-17 पहुंचे थे। एक JCB और 4 डंपर मौके पर मिले।
अधिकारियों ने बताया कि विरोध करने पर माफिया ने अथॉरिटी की टीम पर हमला कर दिया। उनकी कार को भी क्षतिग्रस्त कर दिया, जिसके बाद अधिकारियों ने कोतवाली पहुंचकर दीपक कसाना समेत 10 अज्ञात लोगों के खिलाफ मामला दर्ज कराया था। इस मामले में पुलिस ने बुधवार को दीपक कसाना, विनय, रविंद्र, गौरव और राहुल को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है, जबकि अन्य फरार की तलाश की जा रही है।
बताया जा रहा है कि इस मामले की जांच ADCP सुधीर कुमार कर रहे थे। गुरुवार देर रात इस मामले में कार्रवाई की गई है। मामले में लापरवाही बतरने पर जगनपुर चौकी इंचार्ज सोनू शर्मा, कांस्टेबल राजीव, अमर दीप व मुकेश चौधरी को लाइन हाजिर कर दिया गया है। इसकी पुष्टि DCP ग्रेटर नोएडा साद मियां खान ने की है। पुलिस कमिश्नर लक्ष्मी सिंह के निर्देश पर पुलिसकर्मियों के खिलाफ यह कार्रवाई हुई है।