अपहरण मामले में गुस्साएं लोगों ने एसडीओपी कार्यालय का किया घेराव
गुना। हाल ही में हुए बीनागंज अपहरण मामले में लोगों का गुस्सा थमने का नाम नहीं ले रहा है। इस अपहरण के चलते गुस्साएं लोगों ने एसडीओपी कार्यालय का घेराव किया। इस घेरव में कम से कम 5 सैकड़ा के बराबर लागे पहुंचे। इतने लोगों को देखकर पुलिस ने दो लोगों को गिरफ्तार कर लिया है। आपको बता दें कि हालही में सौम्य पुत्र मनीष अग्रवाल का अपहरण हुआ था। जिसे 7 लाख रूपये की फिरोती लेकर छोड़ा गया था।
आपको बता दें कि बीनागंज नगर से १० साल के बच्चे का दिनदहाड़े अपहरण करने और फिरौती मांगकर छोडऩे की घटना ने सनसनी फैला दी है। बाइक सवार दो युवक बीनागंज के किनारा कारोबारी का बच्चा उठाकर ले गए और रात करीब १२ बजे ७ लाख रुपए की फिरौती लेने के बाद छोड़ा। घटना के १२ घंटे बाद भी आरोपियों की पहचान नहीं कर सकी है।
घटना को लेकर बीनागंज के लोगों में आक्रोश है और वह खुद को सुरक्षित मेहफूस नहीं कर रहे हैं। घटना शुक्रवार शाम ६ बजे की है। बालक सौम्य पुत्र मनीष कुमार पालीवाल अंबेडकर पार्क के सामने खेल रहा था। इसी समय दो युवक आए और उसे हाथी दिखाने का कहकर बाइक पर बैठाकर ले गए। खेलने के बाद एक बच्चा घर पर कहने आया कि सौम्य हाथी देखने गया है, उसे दो लोग ले गए।
कुंभराज के जंगल में ले गए थे छुपाने
बच्चे का अपहरण करने के बाद बच्चे को कुंभराज के जंगलों में छुपाने ले गए। बच्चे ने पत्रिका से बातचीत करते हुए बताया, दो लोग थे और वे हाथी दिखाने ले गए थे। उन्होंने मुंह कपड़े से बंद कर दिया और पीछे से हाथ बांध दिए। रोड पर मैंने कुंभराज लिखा देखा था। वह मुझे मोटरसाइकिल पर बैठाकर जंगल ले गए। उनके पास रिवाल्वर भी दी। उधर, इस घटना की जानकारी लगने के बाद से ही मां समेत पूरे परिवार का रो रोकर बुरा हाल था। जब तक बच्चा नहीं आ गया, तब किसी ने पानी तक नहीं पिया।
देर शाम लगे सुराग
उधर, दिनभर पुलिस द्वारा मशक्कत करने के बाद देर शाम पुलिस को कुछ सुराग हाथ लगे हैं। कुछ संदिग्धों को भी उठाया गया है। एसपी निमिष अग्रवाल ने बताया, पूछताछ की जा रही है। जब स्थिति साफ हो जाएगी, इसके बाद बताया जाएगा।
इस तरह का रहा पूरा घटनाक्रम
शुक्रवार शाम ६ बजे अंबेडकर पार्क बीनागंज से अगवा किया। दो युवक बाइक से आए थे।
बदमाश बच्चे को बाइक पर बैठाकर बीनागंज से दूर ले गए और रात होने के बाद वापस ले आए। उनके पास रिवाल्वर थी।
करीब २ घंटे बाद बालक पिता मनीष पालीवाल के पास फोन आया और बच्चे के बदले १२ लाख रुपए मांगे गए।
बदमाशों और मनीष के बीच राशि को लेकर समझौता हुआ। ७ लाख में मामला सेटल हुआ।
रात करीब ११ बजे बीनागंज तिराहा के डिवाइडर पर ७ लाख रुपए एक थैला में रखे।
एक से डेढ़ घंटे बाद फोन आया कि जयसिंहपुरा के खेडा का मंदिर से बच्चे को ले जाओ।
पिता बच्चे को लेकर आया, फिर पुलिस को जानकारी दी। पुलिस केस दर्ज करने के बाद बदमाशों की तलाश कर रही है।