Ambedkar photo burning case: मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अनिल मिश्रा की गिरफ्तारी को गैर-कानूनी घोषित करते हुए बड़ा फैसला सुनाया है। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह संविधान का उल्लंघन है।
Lawyer Anil Mishra released: मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने हाईकोर्ट बार एसोसिएशन के पूर्व अध्यक्ष अनिल मिश्रा की गिरफ्तारी को गैर-कानूनी घोषित करते हुए बड़ा फैसला सुनाया है। मामला संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर की फोटो जलाने (Ambedkar photo burning case) और आपत्तीजनक नारेबाजी का है।
जस्टिस जी.एस. अहलूवालिया और जस्टिस आशीष श्रोती की डिवीजन बेंच ने 7 जनवरी 2026 को अनिल कुमार मिश्रा बनाम स्टेट एंड अदर्स मामले में कहा कि किसी भी व्यक्ति को गिरफ्तार करते समय उसके गिरफ्तारी के कारण लिखित रूप में और उसकी समझ में आने वाली भाषा में बताना संवैधानिक आवश्यकता है। ऐसा नहीं होने पर गिरफ्तारी और उसके बाद की रिमांड दोनों अवैध होंगी। कोर्ट ने स्पष्ट किया कि यह संविधान के अनुच्छेद 22(1) का उल्लंघन है। कोर्ट ने अनिल मिश्रा को जेल से रिहा करने का आदेश दिया है। (mp news)
अनिल मिश्रा की गिरफ्तारी क्राइम ब्रांच, ग्वालियर द्वारा 1 जनवरी 2026 को दर्ज एफआईआर से जुड़ी थी। उन्हें 2 जनवरी को जेएमएफसी ने न्यायिक हिरासत में भेजा था। मिश्रा ने हाईकोर्ट में हेबियस कॉर्पस याचिका दायर कर कहा कि उन्हें FIR से पहले गिरफ्तार किया गया और गिरफ्तारी के कारण नहीं बताए गए। कोर्ट ने इन दलीलों को सही मानते हुए उनकी गिरफ्तारी को गैर-कानूनी ठहराया। उल्लेखनीय है कि अनिल मिश्रा पर डॉ. भीमराव अंबेडकर का पोस्टर जलाने का आरोप है, जिसके मामले में बाद में अन्य गिरफ्तारियां भी हुई थीं।
मामला करीब 7 दिन पुराना है। ग्वालियर के सिटी सेंटर के पटेल नगर चौराहा पर गुरुवार को संविधान निर्माता डॉ. भीमराव आंबेडकर का फोटो जलाने और नारेबाजी करने का वीडियो वायरल हुआ था। भीम आर्मी और उसके सहयोगी संगठन विरोध में आ गए थे। मकरंद बौद्ध ने क्राइम ब्रांच थाने पहुंचकर शिकायत की थी अनिल मिश्रा की अगुवाई में मोहित ऋषिश्वर, अमित दुबे, ध्यानेन्द्र शर्मा, कुलदीप कांकेरिया, गौरव व्यास,अमित भदौरिया सहित इनके साथियों ने जुलूस निकाला और इस दौरान इन लोगों ने डॉ. भीमराव आंबेडकर का फोटो जलाया और आपत्तीजनक नारेबाजी की है। शिकायत के आधार पर पुलिस ने वकील अनिल मिश्रा समेत सात लोगों पर केस दर्ज किया था। इसके बाद शुक्रवार दोपहर करीब 2.45 बजे इन्हें कोर्ट में पेश किया गया। अदालत ने इन्हें जेल भेजने के आदेश दिया था। (mp news)