Birth-Death Certificate: लोगों को निगम ऑफिस पहुंचकर पहले ही तरह ही आवेदन करने को मजबूर होना पड़ रहा है। वहीं निगम में पूर्व की तरह डीसीसीआरएस पोर्टल पर प्रमाण पत्र बनाए जा रहे हैं।
Birth-Death Certificate: मध्यप्रदेश में एक जुलाई से घर बैठे जन्म व मृत्यु प्रमाण पत्र की नई व्यवस्था का लाभ लोगों को नहीं मिल पा रहा है। प्रमाण पत्र बनवाने के लिए पोर्टल बंद होने से यह स्थिति बनी हुई है। लिहाजा लोगों को निगम ऑफिस पहुंचकर पहले ही तरह ही आवेदन करने को मजबूर होना पड़ रहा है। वहीं निगम में पूर्व की तरह डीसीसीआरएस पोर्टल पर प्रमाण पत्र बनाए जा रहे हैं। जबकि रोजाना बालभवन में 100 से अधिक आवेदन पहुंच रहे हैं।
वहीं अधिकारियों का दावा है कि सभी प्रमाणपत्र समय सीमा में बनाकर दिए जा रहे हैं। बता दें कि निगम के 26 जनमित्र केंद्र और बालभवन में जन्म, मृत्यु व मैरिज प्रमाण पत्र के आवेदन जमा होते हैं। इसके लिए 10 रुपए शुल्क लिया जाता है और 21 दिन में बनाकर दिए जाते हैं।
निगम के बालभवन स्थित जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र शाखा में बीते 11 महीने में 20019 जन्म प्रमाण पत्र, 6800 मृत्यु प्रमाण पत्र और 1378 मैरिज सर्टिफिकेट बनाए गए हैं। वहीं नवंबर महीने में 2150 जन्म प्रमाण पत्र, 615 मृत्यु प्रमाण पत्र व 86 मैरिज प्रमाण पत्र हैं। इनमें से लगभग 100 आवेदन ऐसे हैं जो कि हाल ही में बनने के लिए जनमित्र केंद्र से आए हैं।
श्मशान घाट, कब्रिस्तान में किसी का अंतिम संस्कार होने पर उसकी जानकारी निगम के पास आने के लिए लक्ष्मीगंज स्थित मुक्तिधाम के बाहर मृत्यु प्रमाण पत्र बनाने की सुविधा अब तक शुरू नहीं हो पाई। जबकि इसके लिए यहां कक्ष बनाने के लिए लाखों रुपए खर्च किए थे।
जन्म मृत्यु प्रमाण पत्र की अभी कोई पेंडेंसी नहीं है। घर बैठे प्रमाण पत्र बनाने वाला पोर्टल भारत सरकार से ही बंद पड़ा हुआ है।- राजू शर्मा, सहायक सांयिकी अधिकारी