MP News: किसान बनकर आए उपद्रवियों ने नायब तहसीलदार से की मारपीट, चश्मा टूटा, नाक से खून आया, डाक बोली बंद होने से हंगामे के दौरान हुई हाथापाई।
MP News: मध्यप्रदेश के ग्वालियर जिले के भितरवार में नायब तहसीलदार के साथ मारपीट का मामला सामने आया है। घटना भितरवार कृषि उपज मंडी प्रांगण की है जहां कुछ उपद्रवियों ने नायब तहसीलदार हरनाम सिंह के साथ मारपीट कर दी। दरअसल मंडी में एक खरीदी केन्द्र में रखे बारदाना में आग लगने से दोपहर 2 बजे डाक बोली बंद हो गई, जिसके चलते कुछ उपद्रवियों ने हंगामा कर दिया। जिसकी सूचना पर नायब तहसीलदार पहुंचे थे और किसानों का समझा रहे थे। इसी दौरान कुछ उपद्रवियों ने नायब तहसीलदार से हाथापाई की, जिससे उनका चश्मा टूट गया और उनकी नाक से खून निकलने लगा।
नायब तहसीलदार के साथ मारपीट कर रहे एक उपद्रवी को मौके पर मौजूद थाना प्रभारी ने पकड़ लिया। इस दौरान उपद्रवी ने पुलिस के साथ भी झूमाझटकी करने की कोशिश की। जब पुलिसकर्मी उपद्रवी को पकड़कर गाड़ी में बैठाकर थाने लगी तब भी मौके पर जमकर हंगामा। पुलिस की गाड़ी में बैठाकर ले जाने के दौरान काफी हंगामा हुआ। इधर, किसानों का कहना है कि नायब तहसीलदार ने पहले किसानों को गाली दी, जिसका वीडियो भी समाने आया है। वीडियो में किसान यह बोल रहे हैं कि नायब तहसीलदार द्वारा किसानों को गाली दी गई।
बताया गया है कि डाक बोली बंद होने के बाद किसानों के बीच हंगामा शुरू हो गया, जिसकी सूचना पर भितरवार एसडीएम राजीव समाधिया के निर्देश पर नायब तहसीलदार हरनाम सिंह और शिवदयाल शर्मा मौके पर पहुंचे। वे किसानों को समझाने का प्रयास कर रहे थे, ताकि मंडी में व्यवस्था बहाल की जा सके। कृषकों का आरोप था कि सुबह गेहूं 2500 रुपए प्रति क्विंटल बिका था, जबकि अब 2200 रुपए में बेचा जा रहा है। इस बात पर नायब तहसीलदार हरनाम सिंह ने कहा कि यह व्यापारियों का विषय है और अनाज की गुणवत्ता पर निर्भर करता है। इसी बात पर कुछ उपद्रवियों ने नायब तहसीलदार के साथ मारपीट करना शुरू कर दी।
भितरवार पुलिस ने एक आरोपी अजय रावत पुत्र देवीसिंह रावत निवासी ग्राम स्याऊ, थाना करहिया को गिरफ्तार कर लिया है। अन्य आरोपियों एवं मुख्य आरोपी जयेन्द्र गुर्जर निवासी ग्राम सीहोर, तहसील नरवर, जिला शिवपुरी की तलाश की जा रही है। एसडीएम भितरवार राजीव समाधिया ने बताया कि एक उपद्रवी को गिरफ्तार कर लिया है। मुख्य आरोपी की तलाश की जा रही है। नीलामी प्रक्रिया शुरू करवाने के लिए नायब तहसीलदार को भेजा गया था, जिसके चलते कुछ उपद्रवियों ने मारपीट की। शासकीय कार्य में बाधा डालने और मारपीट का मामला दर्ज किया गया है।