
Nana Patekar Last Words: बॉलीवुड के दिग्गज अभिनेता नाना पाटेकर अब हमारे बीच नहीं रहे, लेकिन ग्वालियर में बिताए उनके 14 दिन उनकी यादों को हमेशा जिंदा रखेंगे। इसी साल 14 मई को नाना पाटेकर मैडॉक फिल्म्स के बैनर तले बन रही हिंदी कॉमेडी-हॉरर फिल्म 'शक्ति शालिनी' की शूटिंग के लिए ग्वालियर आए थे। फिल्म की करीब 80 फीसदी शूटिंग ग्वालियर और दतिया में हुई।
फिल्म के लाइन प्रोड्यूसर लालू सिंह राजावत बताते हैं कि ग्वालियर की पुरानी हवेलियों, घरों और खंडहरों को देखकर नाना बेहद प्रभावित हुए थे। उन्होंने लोकेशन देखकर कहा था-'यह तो गजब है।' पनिहार क्षेत्र में सबसे ज्यादा शूटिंग हुई। इसके अलावा नई सड़क, हजीरा, शिवपुरी रोड, डबरा और दतिया में भी फिल्म के दृश्य फिल्माए गए। नाना को ग्वालियर का देसी स्वाद भी खूब भाया।
राजावत के अनुसार, उन्होंने यहां के खाने के बारे में पूछा तो उन्हें बहादुरा के लड्डू और एसएस कचौरी के बारे में बताया गया। पनिहार में शूटिंग के दौरान नाना ने घर का खाना खाया। दतिया में ब्रेक के समय उन्हें बहादुरा के लडू और एसएस वालों की कचौरी खिलाई गई।
नाना ने ग्वालियर के अपनत्व को महसूस करते हुए कहा था-'ग्वालियर के बारे में जैसा मैंने सुना था, उससे ज्यादा प्यार मिला।' चंबल के लोगों की स्पष्टवादिता पर उन्होंने कहा था-'यहां के चंबल लोग जबान के साथ वजनदार भी हैं।' उन्होंने ग्वालियर की लोकेशन को फिल्म शूटिंग के लिए शानदार बताते हुए कहा था कि यहां के गांव और लोकेशन शूटिंग का हब बन सकते हैं। फिल्म में ग्वालियर के करीब 150 लोगों को भी काम मिला। फिल्म 24 दिसंबर 2026 को रिलीज होगी।
नाना की यह बात अब ग्वालियर के लिए सिर्फ एक संवाद नहीं, बल्कि उनकी स्मृति बन गई है। बहादुरा के लड्डू, एसएस की कचौरी, बृजवासी के समोसे, गांव की छाछ और पनिहार के पुराने घर-इन सबके बीच नाना ने ग्वालियर को जिस अपनत्व से महसूस किया, वही उनकी आखिरी शूटिंग यादों में शहर के हिस्से की सबसे खूबसूरत कहानी बन गया है। जाते समय उन्होंने कहा था कि यदि फिर से आने का मौका मिला तो जरूर आउंगा और खाना भी खाऊंगा।