mp news: 'रेल कोच रेस्टोरेंट' को गोले का मंदिर के पास रेलवे की जमीन पर बनाने के लिए साफ- सफाई का काम शुरू कर दिया गया है।
mp news: महानगरों की तर्ज पर अब ग्वालियर में भी लोग ट्रेनों के कोच में बैठकर खानपान का आनंद ले सकेंगे। इसके लिए शहर में भी रेलवे कोच रेस्टोरेंट के बनने का रास्ता साफ हो गया है। इस रेस्टोरेंट को गोले का मंदिर के पास रेलवे की जमीन पर बनाने के लिए साफ- सफाई का काम शुरू कर दिया गया है।
यहां पर लगे पेड़ को हटाने का काम दो दिन से दिखने लगा है। रेलवे की जमीन पर लगभग 20 से 25 पेड़ लगे हुए है, लेकिन रेस्टोरेंट को बनाने के लिए रेलवे अभी छह पेड़ को कटवा कर यहां पर काम को शुरू करवाएगा। नगर निगम से मिली परमिशन के बाद रेलवे को एक पेड़ के बदले दस पेड़ लगाने होंगे। इसके चलते रेलवे छह के बदले में साठ पेड़ लगाएगा। कोच रेस्टोरेंट के लिए चार महीने से प्लानिंग चल रही है। इसके लिए झांसी से टेंडर निकाले जा चुके हैं।
रेलवे अब अपने कंडम कोच से भी कमाई करेगा। कंपनी द्वारा हर साल रेलवे को 26 लाख रुपए लाइसेंस शुल्क मिलेगा। यह रेस्टोरेंट पांच साल के लिए दिया गया है। अब कंपनी कंडम कोच को तैयार कराएगा। इसके लिए लगभग दो महीने में इसे शुरू कर दिया जाएगा।
रेलवे की गोले का मंदिर पर वर्षो पुरानी जगह खाली पड़ी हुई है। इस जमीन पर आसपास के क्षेत्र के लोग अपने जानवरों के साथ बस, आदि खड़ी कर रहे है, लेकिन रेलवे अब इस जगह को सही करके रेस्टोरेंट बनाने जा रहा है।