
Hanumangarh Police: राजस्थान में हनुमानगढ़ और पुणे पुलिस के संयुक्त ऑपरेशन में लॉरेंस बिश्नोई गैंग से जुड़े तीन गुर्गों को गिरफ्तार करने में सफलता मिली है। कार्रवाई एसपी नरेंद्र सिंह मीणा और एएसपी अरविंद विश्नोई के नेतृत्व में की गई। गिरफ्तार आरोपियों के कब्जे से तीन विदेशी पिस्टल, तीन मैगजीन और 40 कारतूस बरामद किए गए हैं। पुलिस के अनुसार, आरोपियों ने पुणे में हवाला कारोबारी अमूल चमड़िया और सन्नी चमड़िया की फैक्ट्री पर फायरिंग की थी। बताया जा रहा है कि 50 करोड़ रुपए की रंगदारी मांगने के लिए वारदात को अंजाम दिया गया था।
मामले में मुख्य आरोपी पवन भाट (24) पुत्र राम भाट निवासी आईटीआई बस्ती, जंक्शन को दो जुलाई को हनुमानगढ़ जंक्शन से गिरफ्तार किया गया था। उससे पूछताछ के आधार पर पुलिस ने रवि सुथार निवासी आईटीआई बस्ती को भी जंक्शन क्षेत्र से गिरफ्तार कर लिया।
दोनों आरोपियों का सहयोग करने के आरोप में एक नाबालिग को भी निरुद्ध किया गया है। कार्रवाई के बाद पुणे पुलिस तीनों आरोपियों को अपने साथ पुणे लेकर गई है। पुलिस के अनुसार पुणे में हुई फायरिंग की जिम्मेदारी आरजू बिश्नोई और शुभम लोंकर ने ली थी।
पुणे में कारोबारी की फैक्ट्री पर हुई फायरिंग के बाद सोशल मीडिया पर एक पोस्ट जारी कर वारदात की जिम्मेदारी ली गई थी। पोस्ट में आरजू बिश्नोई, शुभम लोंकर और टायसन बिश्नोई के नाम से फायरिंग की जिम्मेदारी लेते हुए कारोबारी अमूल चमड़िया और सन्त्री चमड़िया को धमकी दी गई।
पोस्ट में दावा किया गया कि पहले भी फोन कर रंगदारी मांगी गई थी, लेकिन बात को गंभीरता से नहीं लेने पर फैक्ट्री पर फायरिंग की गई। साथ ही भविष्य में जानलेवा हमला करने और कॉल को नजरअंदाज नहीं करने की धमकी भी दी गई। पुलिस सोशल मीडिया पोस्ट की भी जांच कर रही है।
एसपी नरेंद्र सिंह मीणा ने बताया कि हनुमानगढ़ और पुणे पुलिस के संयुक्त अभियान में मामले का खुलासा करते हुए मुख्य आरोपी सहित तीन लोगों को गिरफ्तार किया गया है। आरोपियों से पूछताछ के आधार पर कई अहम जानकारियां मिली हैं। मामले में आगे भी जांच जारी है।