
Hanumangarh Crime : हनुमानगढ़ में जंक्शन थाना पुलिस ने हनी ट्रैप के एक मामले का महज पांच घंटे में खुलासा करते हुए रविवार को दो महिलाओं सहित तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया। आरोपियों ने प्रॉपर्टी दिखाने के बहाने युवक को बुलाकर उसका आपत्तिजनक वीडियो बनाया और गलत काम के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर करीब एक लाख रुपए वसूल लिए। हनुमानगढ़ एसपी बी. आदित्य ने बताया कि 25 जुलाई को जंक्शन निवासी परिवादी ने रिपोर्ट दी कि करीब 20-25 दिन पहले राधिका नाम की महिला ने स्वयं को प्रॉपर्टी डीलर बताते हुए फोन किया और सस्ती दर पर प्रॉपर्टी दिलाने की बात कही।
उसने 22 जुलाई को उसे 100 फीट रोड स्थित सुरेशिया क्षेत्र में प्रॉपर्टी दिखाने के लिए बुलाया। वहां से उसे एक मकान में ले जाया गया, जहां पहले से दो महिलाएं मौजूद थी। कुछ देर बाद दो अन्य पुरुष भी वहां पहुंच गए। आरोपियों ने उसका वीडियो बना लिया, नकदी व अन्य सामान छीन लिया तथा झूठे गलत काम के मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर ब्लैकमेल करते हुए करीब एक लाख रुपए वसूल लिए। इस संबंध में जंक्शन थाने में संबंधित धाराओं में मामला दर्ज किया गया।
पुलिस ने जांच-पड़ताल कर महज पांच घंटे में राधिका अरोड़ा (27 वर्ष) पत्नी सुनील कुमार निवासी एसएसबी रोड, भूप कॉलोनी, श्रीगंगानगर हाल किराएदार वार्ड 58, सुरेशिया जंक्शन, बलजीत कौर उर्फ कोमल (37 वर्ष) पत्नी निर्मलसिंह कंबोज निवासी कंदरगढ़, जिला फतेहाबाद (हरियाणा) हाल वार्ड 57, सुरेशिया तथा राजेन्द्र सिंह उर्फ मीनू (39 वर्ष) पुत्र ओमप्रकाश ओड राजपूत निवासी आरसीपी कॉलोनी, जंक्शन को गिरफ्तार कर लिया। तीनों आरोपियों को न्यायालय में पेश कर पुलिस रिमांड पर लिया गया है। आरोपियों से गिरोह में शामिल अन्य लोगों के संबंध में पूछताछ की जा रही है।
पुलिस की प्रारंभिक जांच में सामने आया कि आरोपी गिरोह बनाकर वारदात को अंजाम देते थे। गिरोह की महिलाएं प्रॉपर्टी, मकान या प्लॉट बेचने के नाम पर लोगों से संपर्क करती थी। बाद में उन्हें सुनियोजित तरीके से एक मकान में बुलाकर आपत्तिजनक वीडियो बना लिया जाता था और गलत काम के झूठे मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर ब्लैकमेल कर रुपए वसूले जाते थे।
पुलिस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी राजेंद्र सिंह उर्फ मीनू के खिलाफ श्रीगंगानगर जिले में एनडीपीएस एक्ट का मामला दर्ज है, जिसमें उसे न्यायालय से 20 वर्ष के कारावास की सजा हो चुकी है। वह करीब 4 वर्ष सात माह जेल में रहने के बाद सात दिन पहले ही जमानत पर रिहा हुआ था। वहीं बलजीत कौर उर्फ कोमल पूर्व में भी हनी ट्रैप के एक मामले में न्यायिक अभिरक्षा में रह चुकी है और पिछले महीने ही जमानत पर बाहर आई थी।