जुलाई माह के दूसरे सप्ताह में मामले की सुनवाई हो सकती है...
हरदोई. जनपद निवासी एक युवक ने सुप्रीम कोर्ट में याचिका दायर करते हुए खुद को पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी का मानस पुत्र घोषित करने की मांग की है। याचिकाकर्ता का कहना है कि वह भारत रत्न से सम्मानित पूर्व पीएम का अपना पिता मानता है और अब उनकी सेवा करना चाहता है। अधिवक्ता संजीव द्विवेदी ने पुराणों में वर्णित ब्रह्मा के 14 मानस पुत्रों और दयानंद सरस्वती के दो मानस पुत्रों को हवाला देकर खुद को अटल बिहारी वाजपेयी का मानस पुत्र घोषित करने की मांग की है। जुलाई माह के दूसरे सप्ताह में मामले की सुनवाई संभावित है।
हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच में वकालत कर रहे संजीव बताते हैं कि उनके दिन की शुरुआत मंदिर में रखी अटल बिहारी वाजपेयी की फोटो की आरती से होती है। उन्होंने बताया कि वह वर्ष 1996 से वह पूर्व प्रधानमंत्री से खासे प्रभावित हैं। अटल जी की हर बात, हर कविता उनके जेहन में बस गई है।
कहा- अटल जी है भावनात्मक रिश्ता
थाना अरवल के चंदापुर निवासी वकील संजीव द्विवेदी कहते हैं कि उन्होंने जब पहली बार प्रधानमंत्री से मुलाकात की थी, उनकी आंखों में आंसू आ गये थे। उन्हें लगता है कि पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और उनके बीच कोई रिश्ता है। संजीव द्विवेदी ने कहा कि पूर्व पीएम वाजपेयी और उनके बीच एक भावनात्मक रिश्ता कायम हो गया है। उस मुलाकात के बाद से उन्होंने पूर्व पीएम पर कई कविताएं लिखी हैं।
पूर्व पीएम की सेवा करना चाहता हूं
अधिवक्ता ने कहा कि वह अटल बिहारी वाजपेयी के गिरते स्वास्थ्य से चिंतित हैं। सुप्रीम कोर्ट से खुद को अटल बिहारी वाजपेयी का मानस पुत्र घोषित करने की मांग करते हुए कहा कि अब मैं अटल बिहारी की सेवा करना चाहता हूं। संजीव द्विवेदी को भरोसा है कि सुप्रीम कोर्ट उन्हें निराश नहीं करेगा।
जुलाई में होगी सुनवाई!
संजीव द्विवेदी ने बताया कि उन्होंने मानस पुत्र होने की याचिका दाखिल कर दी है, जिसका नंबर 22493 / 18 है। इसकी सुनवाई की तिथि जुलाई में नियत है। उनका कहना है कि मानस पुत्र घोषित कर अटल बिहारी वाजपेयी की सेवा सुश्रुषा व देखरेख करने की अनुमति प्रदान की जाये।
अटल-आडवाणी से मिल चुके हैं संजीव
संजीव द्विवेदी इसके पूर्व दृष्टिपटल नामक खंड काव्य की रचना कर चुके हैं, जिसमें पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के कृतित्व एवं व्यक्तित्व को रचना के रूप में प्रस्तुत किया है। संजीव पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी और पूर्व उप प्रधानमंत्री एलके आडवाणी से मुलाकात कर अपनी कृति उन्हें भेंट कर चुके हैं।