
Perforated Eardrum Cause: कान हमारे शरीर का बहुत ही नाजुक हिस्सा होते हैं, और इनका पर्दा तो और भी ज्यादा कमजोर होता है। कई बार हमारी छोटी-मोटी गलतियों या रोजमर्रा की वजहों से कान का पर्दा फट जाता है या उसमें छेद हो जाता है। एनएचएस (NHS) के मुताबिक, कान का पर्दा फटने के पीछे तेज म्यूजिक सुनने से लेकर हवाई जहाज में सफर करने जैसी कई वजहें हो सकती हैं। आइए जानते हैं कि कान का पर्दा फटने के कारण क्या हैं और इसके शुरुआती लक्षण क्या होते हैं।
1. अचानक तेज आवाज या लाउड म्यूजिक होना- मेयो क्लिनिक के अनुसार, किसी बहुत तेज धमाके की आवाज, पटाखा फूटने की आवाज या कान के पास बहुत तेज म्यूजिक (जैसे हेडफोन में फुल आवाज) होने से पर्दे पर अचानक झटका लगता है और वह फट सकता है।
2. हवाई यात्रा या पानी में गोता लगाना- जब आप फ्लाइट में सफर करते हैं या पानी में गहरी डुबकी लगाते हैं, तो हवा या पानी का दबाव अचानक बदल जाता है। इस झटके से भी पर्दा डैमेज हो सकता है।
3. कान में इन्फेक्शन होना- कान के अंदर इन्फेक्शन होने से वहां मवाद या गंदा पानी जमा हो जाता है। जब यह मवाद बढ़ने लगता है, तो अंदर से पर्दे पर दबाव बनाता है और पर्दा फट जाता है।
4. कान में कोई नुकीली चीज डालना- कई लोगों की आदत होती है कि कान में खुजली होने पर वे माचिस की तीली, हेयरपिन या बड्स डाल लेते हैं। जरा सी चूक होने पर यह सीधे पर्दे में जाकर लग सकती है और उसमें छेद कर देती है।
5. कान पर तेज चोट लगना- किसी एक्सीडेंट की वजह से या कान पर बहुत तेज थप्पड़ या मुक्का लगने से भी अंदर का पर्दा फट सकता है।
ज्यादातर मामलों में कान का पर्दा कुछ हफ्तों या 2 से 3 महीनों के अंदर अपने आप ठीक हो जाता है। लेकिन अगर आपको ऊपर बताए गए लक्षणों में से कोई भी दिक्कत महसूस हो, तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं। जब तक पर्दा ठीक नहीं हो जाता, तब तक कान में पानी बिल्कुल न जाने दें, नहाते समय रुई में वैसलीन लगाकर कान बंद रखें और डॉक्टर से पूछे बिना कोई भी ड्रॉप कान में न डालें।
डिस्क्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प है। लेकिन पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।