स्वास्थ्य

Pregnancy Symptoms: पीरियड्स आए फिर भी हो गई प्रेग्नेंट? डॉक्टर से जानें इसका कारण

Pregnancy Symptoms: क्या हर महीने नियमित ब्लीडिंग होने के बावजूद गर्भधारण संभव है? कई बार महिलाएं यह दावा करती हैं कि उन्हें हर महीने ब्लीडिंग हो रही थी और फिर भी वे प्रेग्नेंट हो गई। आइए स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. क्ष्रिपा गर्ग से जानते है कि ऐसा किन कारणों से होता है?

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Apr 09, 2026
pregnancy (Image- gemini)

Pregnancy Symptoms: प्रेगनेंसी का पहला संकेत आमतौर पर 'पीरियड्स का मिस होना' माना जाता है। लेकिन कई बार महिलाएं यह दावा करती हैं कि उन्हें हर महीने ब्लीडिंग हो रही थी और फिर भी वे प्रेग्नेंट हो गईं। यह स्थिति किसी चमत्कार जैसी लगती है।

हाल ही में स्त्री रोग विशेषज्ञ डॉ. क्षिप्रा गर्ग ने अपने इंस्टाग्राम अकाउंट पर एक वीडियो शेयर किया है जिसमें वो एक महिला से कह रही हैं की उसको 4 महीने की प्रेगनेंसी है। इस पर महिला का कहना है कि उसको नियमित पीरियड्स आ रहे हैं। अब आप सोच रहें होंगे की ये कैसे संभव है। आइए जानते है की ऐसा किन कारणों से होता है?

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पीरियड्स का मिस होना ही प्रेगनेंसी क्यों?

अक्सर क्या होता है कि प्रेगनेंसी का पहला संकेत पीरियड्स का मिस होना माना जाता है। लेकिन कई बार महिलाएं यह दावा करती हैं कि उन्हें हर महीने ब्लीडिंग हो रही थी और फिर भी वे प्रेग्नेंट हो गईं। यह स्थिति किसी चमत्कार जैसी लगती है, लेकिन डॉक्टरी भाषा में इसके पीछे Biological Reasons होते हैं। इस भ्रम से बाहर निकलने की जरुरत कि पीरियड्स आ रहे हैं तो प्रेगनेंसी नहीं हो सकती।

1. इम्प्लांटेशन ब्लीडिंग (Implantation Bleeding)-

जब निषेचित अंडा (Fertilized Egg) गर्भाशय की दीवार से चिपकता है, तो हल्की ब्लीडिंग या स्पॉटिंग हो सकती है। यह अक्सर पीरियड्स की तारीख के आसपास ही होती है, जिससे महिलाएं भ्रमित हो जाती हैं कि उन्हें पीरियड्स आ गए हैं। इसके साथ ही कुछ महिलाओं में ब्लीडिंग ज्यादा भी हो सकती है।

2. सिडुअल ब्लीडिंग (Decidual Bleeding)-

प्रेगनेंसी के शुरुआती महीनों में, शरीर के हार्मोन पूरी तरह से संतुलित नहीं हो पाते। कभी-कभी गर्भाशय की परत का एक छोटा हिस्सा शेड (झड़) जाता है, जिससे ब्लीडिंग होती है। यह बिल्कुल पीरियड्स जैसा महसूस हो सकता है, लेकिन प्रेगनेंसी बनी रहती है। इस कारण भी महिलाएं भ्रमित हो जाती है।

3. हार्मोनल असंतुलन और गर्भनिरोधक गोलियां-

यदि कोई महिला गर्भनिरोधक गोलियां (Pills) ले रही है, तो उसे 'विड्रॉल ब्लीडिंग' हो सकती है। अगर इस दौरान दवा मिस होने से प्रेगनेंसी रुक जाए, तो भी वह ब्लीडिंग जारी रह सकती है, जिसे महिला अपने सामान्य पीरियड्स समझ लेती है।

4. ब्लीडिंग होने के अन्य कारण क्या-क्या हो सकते है?

  • एक्टोपिक प्रेगनेंसी (Ectopic Pregnancy)।
  • सर्वाइकल इरिटेशन।
  • संक्रमण (Infection)।

बीएमआई (BMI) और प्रेगनेंसी का क्या संबंध है?

शरीर का वजन (BMI) हार्मोनों को बहुत प्रभावित करता है। अधिक वजन वाली महिलाओं में हार्मोनल गड़बड़ी अधिक होती है, जिससे उनकी ब्लीडिंग का पैटर्न अनिश्चित हो सकता है। ऐसे मामलों में प्रेगनेंसी का पता चलना और भी मुश्किल हो जाता है।

डिसक्लेमरः इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।

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