Skin Disease: विटलो उंगली के पोरों (Fingertips) पर होने वाला एक अत्यंत दर्दनाक संक्रमण है। यह मुख्य रूप से हर्पीज सिम्पलेक्स वायरस (HSV) के कारण होता है। जब यह वायरस उंगली की त्वचा के संपर्क में आता है, तो वहां घाव और सूजन पैदा कर देता है।
Skin Disease: आजकल त्वचा की समस्या इतनी ज्यादा बढ़ गई है कि हर किसी के लिए स्थिति बेहद मुश्किल बनी हुई है। त्वचा की समस्या इतनी ज्यादा होने लग गई है कि हर कोई इससे छुटकारा पाना चाहता है, क्योंकि त्वचा की समस्या केवल दिखने में ही बुरी नहीं लगती बल्कि इसके साथ ही दर्दनाक भी होती है। इस पूरे संसार में कोई भी नहीं चाहता है कि उसको त्वचा की समस्या हो, क्योंकि अपनी सुंदरता पर दाग कोई भी नहीं चाहता है। इसी क्रम में त्वचा की एक बीमारी है 'विटलो' (Whitlow)। यह बेहद दर्दनाक संक्रमण है।
मेडिकल साइंस में इसे 'हर्पेटिक विटलो' भी कहा जाता है। आइए विस्तार से समझते हैं कि यह क्या है और कितना खतरनाक हो सकता है। आइए जानते हैं कि यह क्या होता है और इसके कारण, लक्षण व बचाव क्या हैं?
विटलो उंगली के पोरों (Fingertips) पर होने वाला एक अत्यंत दर्दनाक संक्रमण है। यह मुख्य रूप से हर्पीज सिम्पलेक्स वायरस (HSV) के कारण होता है। यह वही वायरस है जो मुंह के पास छाले (Cold sores) पैदा करता है। जब यह वायरस उंगली की त्वचा के संपर्क में आता है, तो वहां घाव और सूजन पैदा कर देता है। यह बेहद दर्दनाक संक्रमण है।
आम तौर पर विटलो जानलेवा नहीं होता, लेकिन इसे अनदेखा करना भारी पड़ सकता है। यदि छालों को फोड़ा जाए, तो वहां बैक्टीरिया का संक्रमण हो सकता है, जिससे उंगली में मवाद (Pus) भर सकता है। एक विशेष प्रकार का विटलो (Melanotic Whitlow) असल में त्वचा कैंसर का रूप होता है, जिसे अक्सर लोग सामान्य संक्रमण समझकर गलती कर बैठते हैं।
डिसक्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वह कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से ना आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।