Walking barefoot reduce inflammation: न्यूट्रिशनिस्ट नमामी अग्रवाल ने अपने एक वीडियो में बताया कि नंगे पांव गार्डन में चलने से शरीर और दिमाग दोनों को नेचुरली रीसेट कर सकते हैं।
Walking Barefoot Reduces Inflammation: आजकल लोग जरा-सी तबीयत बिगड़ते ही महंगे सप्लीमेंट्स, दवाइयां और डाइट प्लान ढूंढने लगते हैं। लेकिन सेहत ठीक रखने का सबसे आसान तरीका भूल जाते हैं। घास, मिट्टी या रेत पर नंगे पांव चलना, शरीर की सूजन कम करने के लिए महंगे सप्लीमेंट से भी ज्यादा असरदार हो सकता है। इससे शरीर के फ्री रेडिकल्स न्यूट्रल हो जाते हैं और नर्वस सिस्टम ठीक रहता है।
जब हम जूते उतारकर ठंडी जमीन पर पांव रखते हैं, तो शरीर को एक अलग सुकून मिलता है। इससे कोर्टिसोल यानी स्ट्रेस हार्मोन कम होता है और ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है। इससे जोड़ों पर पड़ने वाला दबाव भी घटता है। एंटी-इन्फ्लेमेटरी लाइफस्टाइल सिर्फ दवाइयों या फैंसी डाइट से नहीं बनती, कई बार बस जूते उतारना ही काफी होता है। आइए जानते हैं कि कैसे आप नंगे पांव गार्डन में चलकर शरीर और दिमाग दोनों को नेचुरली रीसेट कर सकते हैं।
ग्राउंडिंग या अर्थिंग का मतलब है नंगे पांव चलना, ताकि हमारा शरीर जमीन के संपर्क में आ सके। घास, मिट्टी या रेत जैसी प्राकृतिक जगह पर चलना एक बहुत ही सरल प्रक्रिया है, लेकिन इसका असर सेहत पर गहरा पड़ता है। ग्राउंडिंग से शरीर में सूजन कम हो सकती है।
डिसक्लेमर: इस लेख में दी गई जानकारी का उद्देश्य केवल रोगों और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं के प्रति जागरूकता लाना है। यह किसी क्वालीफाइड मेडिकल ऑपिनियन का विकल्प नहीं है। इसलिए पाठकों को सलाह दी जाती है कि वे कोई भी दवा, उपचार या नुस्खे को अपनी मर्जी से न आजमाएं बल्कि इस बारे में उस चिकित्सा पैथी से संबंधित एक्सपर्ट या डॉक्टर की सलाह जरूर ले लें।
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