कहते है ना जब भी ऊपर वाला देता है तो छप्पर छाड़कर ही देता है। पल भर में ही वह शख्स रंग से राजा बन जाता है। एक ऐसा ही थाईलैंड में एक मछुआरे के साथ हुआ है। यहां पर एक बंदा रातोंरात करोड़पति बन गया। किस्मत के धनी मछुआरे को समुद्र के तट पर व्हेल की उल्टी मिली।
नई दिल्ली। कहते है ना जब भी ऊपर वाला देता है तो छप्पर छाड़कर ही देता है। पल भर में ही वह शख्स रंग से राजा बन जाता है। एक ऐसा ही थाईलैंड में एक मछुआरे के साथ हुआ है। यहां पर एक बंदा रातोंरात करोड़पति बन गया। किस्मत के धनी मछुआरे को समुद्र के तट पर व्हेल की उल्टी मिली। ऐसा कहा जाता है कि व्हेल की उल्टी करोड़ों में बिकती है। खबरों के अनुसार, नारिस नाम के मछुआरा को यह कीमती चीज मिली है। इसकी कीमत 24 लाख पाउंड बताई जा रही है। इस मछुआरे में कभी सपने में भी नहीं सोचा होगा कि भगवान उसे इतना बड़ा तोहफा देगा।
अब तक का सबसे बड़ा टुकड़ा
एक रिपोर्ट के अनुसार, नारिस ने व्हेल की उल्टी को मामूली चट्टान का टुकड़ा समझा। अब उसकी कीमत 24 लाख पाउंड आंकी गई है। बता दें कि वैज्ञानिक भाषा में इसे एम्बरग्रीस (Ambergris) कहते हैं। इसका वजन करीब 100 किलो है। खबरों की माने तो यह अब तक पाया गया एम्बरग्रीस का सबसे बड़ा टुकड़ा है।
रेक्टम के जरिए आता है बाहर
एम्बरग्रीस को लेकर वैज्ञानिकों की कई प्रकार की धारणा है। कई वैज्ञानिक इसे व्हेल की उल्टी बताते हैं तो कई इसे मल कहते है। उनका कहना है कि यह व्हेल के शरीर के निकलने वाला अपशिष्ट होता है। यह उसकी आंतों से निकलता है। वैज्ञानिकों कहना है कि इसको व्हेल पचा नहीं पाती है। कई बार यह पदार्थ रेक्टम के जरिए बाहर आता है, लेकिन कभी-कभी पदार्थ बड़ा होने पर व्हेल इसे मुंह से उगल देती है। आपको बता दें कि ऐसी खबरें कई बार पढ़ने और सुनने को मिलती है। व्हेल की उल्टी की कीमत बहुत ज्यादा आंकी गई। जिसको भी यह मिलती है वह मालामाल बन जाता है। कई लोग इसकी रोजाना तलाश करते है, लेकिन यह बहुत कम लोगोें को ही मिलती है।