इंडोनेशिया ( Indonesia ) में इस तरह के भूतों को पोकॉन्ग ( Pocong ) कहते हैं। यहां ऐसी मान्यता है कि मरे हुए लोगों की आत्माएं कपड़ों में लिपटकर पोकॉन्ग के रूप में घूमती रहती हैं।
नई दिल्ली। दुनियाभर के आधे से ज्यादा देशों में कोरोना ( coronavirus ) के तेजी से फैलते संक्रमण को रोकने के लिए लॉकडाउन किया गया है।लेकिन इसके बावजूद भी लोग नियमों को ताक पर रखकर घरों से बाहर निकल रहे हैं। इसलिए इंडोनेशिया में लॉकडाउन का पालन कराने के लिए 'भूतों' का सहारा लिया जा रहा है।
दरअसल मध्य जावा प्रांत के सुकोहारजो रिजेंसी गांव लोग लॉकडाउन ( Lockdown ) के नियमों को मानने में आनाकानी कर रहे है। जिस वजह से प्रशासन ने कुछ लोगों को भूत के भेष में मोहल्लों के बाहर बैठा दिया है। रात में जब भी कोई निकलता है तो ये भूूूूत उस इंसान को डराते हैं, जो घरों से बाहर टहलने के लिए निकलते हैं।
इस इलाके के स्थानीय लोग इसे पोकॉन्ग ( Pocong ) कहते हैं। सफेद पोशाक में भूतों की ड्यूटी लगाने का आइडिया युवाओं के ग्रुप ने दिया। इंडोनेशिया में इस तरह के भूतों को पोकॉन्ग कहते हैं। यहां ऐसी मान्यता है कि मरे हुए लोगों की आत्माएं कपड़ों में लिपटकर पोकॉन्ग के रूप में घूमती रहती हैं। इसे मलेशियन भूत भी कहा जाता है।
पोकॉन्ग का भेष डरावना है, लॉकडाउन के दौरान इन भूतों को तैयार करने वाली केपूह समूह के प्रमुख का कहना है कि हम अलग किस्म का रूप तैयार करना चाहते थे इसलिए हमने जैसा भेष तैयार किया क्योंकि ये बेहद डारावना है। टीम का कहना है कि हम चाहते हैं इस समय लोग अपने घरों में रहें ताकि कोरोनावायरस का फैलने से रोका जा सके।
हालांकि अब प्रशासन की यह अनोखी पहल विफल होती दिखाई दे रही है क्योंकि अब लोगों को इसके बारे में पता चल गया है, इसलिए वो 'पोकॉन्ग' को देखने के लिए घरों से बाहर निकल रहे हैं। भूत के भेष में लोगों के साथ प्रैंक करने एक शख्स ने कहा कि मैं रात में घूमता हूं और युवाओं को घर में रहने के लिए प्रेरित करता हूं।
जब मैं ये तस्वीरें अपने फेसबुक ( Facebook ) अकाउंट पर पोस्ट करता हूं तो लोग परेशान हो जाते हैं और घरों से बाहर निकलने से डरते हैं। सोशल मीडिया यूजर मुझसे पूछते हैं क्या ये तस्वीरें सच्ची हैं। यह तस्वीरें सोशल मीडिया पर काफी तेजी से वायरल हो रही हैं।