
Indore News : अटल इंदौर सिटी ट्रांसपोर्ट सर्विसेज लिमिटेड (एआइसीटीएसएल) अब मध्य प्रदेश के इंदौर शहर में 500 इलेक्ट्रिक साइकिलें चलाने जा रही है। इलेक्ट्रिक पब्लिक साइकिल शेयरिंग सिस्टम (ईपीबीएस) के लिए पिछले दिनों टेंडर जारी किए गए थे। ई-पीबीएस के लिए दो टेंडर आए हैं, जो कि एक - दो दिन में खोले जाएंगे। प्राइवेट पब्लिक पार्टनरशिप (पीपीपी) मोड पर यह साइकिलें चलेंगी। इससे शहर की जनता को जहां यात्रा करने में सुविधा मिलेगी, वहीं एआइसीटीएसएल की इनकम भी होगी। साथ ही प्रदूषण कम होगा और पेट्रोल-डीजल की बचत भी होगी।
पेट्रोल-डीजल के दाम आए दिन बढ़ते रहते हैं। ऐसे में इलेक्ट्रिक वाहनों की तरफ आम जन का रूझान बढ़ने लगा है। साथ ही, लोक परिवहन सेवा भी ग्रीन मोबिलिटी की तरफ बढ़ रही है। इसके चलते एआइसीटीएसएल एक तरफ जहां इंदौर और आसपास के दूसरे शहरों में इलेक्ट्रिक बस चलाने की प्लानिंग पर काम कर रही हैं, वहीं दूसरी तरफ शहर में 500 इलेक्ट्रिक साइकिलें चलाई जाएंगी। इसका फैसला 4 अप्रैल को हुई बोर्ड बैठक में लिया गया था। साथ ही, टेंडर बुलाने की स्वीकृति दी गई थी।
बोर्ड बैठक के फैसले पर अमल करते हुए 500 इलेक्ट्रिक साइकिलें पीपीपी मोड पर चलाने के लिए एआइसीटीएसएल ने टेंडर जारी किए थे। दो टेंडर आ गए हैं, जिन्हें एक - दो दिन में खोला जाएगा। 7 वर्षों के लिए ई-पीबीएस के कार्यान्वयन, संचालन और रखरखाव करने को लेकर ठेकेदार एजेंसी का चयन किया जाएगा।
गौरतलब है कि, एआइसीटीएसएल अभी शहर में सामान्य साइकिल चला रही है, जिससे आमजन और विद्यार्थियों को आवागमन में काफी राहत मिलती है। इलेक्ट्रिक साइकिल चलने से राह और आसान तो होगी ही, साथ ही प्रदूषण नियंत्रण के क्षेत्र में ये अहम भूमिका निभाएंगी।
इधर, एआइसीटीएसएल के सीइओ अर्थ जैन का कहना है कि शहर में 500 इलेक्ट्रिक साइकिलें चलाने की परियोजना आमजन को सुविधाजनक लास्ट माइल कनेक्टिविटी उपलब्ध कराएगा। साथ ही एआइसीटीएसएल को वित्तीय आय भी मिलेगी। उन्होंने कहा कि ई-पीबीएस के लिए पीपीपी मोड पर टेंडर जारी कर दिए गए थे। दो टेंडर आए हैं जिन्हें एक-दो दिन में खोला जाएगा। उन्होंने कहा कि इलेक्ट्रिक साइकिलें चलने से प्रदूषण कम होगा और पेट्रोल-डीजल की बचत भी होगी।