
MP Government Bus Service- सीएम मोहन यादव ने शुक्रवार को इंदौर में बस सेवा शुरू करने का ऐलान कर दिया। (फोटो जनसंपर्क-एक्स)
MP Sugam Transport Bus Service: 20 साल बाद मध्यप्रदेश में एक बार फिर सरकारी बस सेवा शुरू होने वाली है। इसकी शुरुआत के लिए 25 सितंबर का दिन तय किया गया है। मुख्यमंत्री सुगम परिवहन बस सेवा (Mukhyamantri Sugam Parivahan Bus Sewa) नाम से यह बस सेवा प्रदेश की जनता को मिलने लगेगी। खास बात यह है कि पत्रिका लगातार मध्यप्रदेश में बस सेवा शुरू कराने के लिए लगातार अभियान चलाता रहा है। पत्रिका के लगातार जनहित के मुद्दे उठाने के बाद ही पिछले साल सरकार ने फिर से बस सेवा शुरू करने और नया विभाग बनाने का ऐलान किया गया था।
मुख्यमंत्री मोहन यादव ने शुक्रवार को इंदौर में इसकी घोषणा की। वे ब्रिलियंट कंवेंशन सेंटर में आयोजित दो दिवसीय "यात्री परिवहन विजन समिट 2026" को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि इसी माह यह बस सेवा शुरू हो जाएगी। मध्यप्रदेश में दशकों से बंद पड़ी राज्य परिवहन बस सेवा को आज एक संजीवनी मिल रही है। इस नई बस सेवा यात्रियों, ऑपरेटरों, सरकार और नई तकनीक अपनाने वालों को लाभान्वित करेगी। कार्यक्रम में परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह, इंदौर महापौर पुष्यमित्र भार्गव और ट्रांसपोर्टेशन से जुड़े सभी एक्सपर्ट शामिल थे। मध्यप्रदेश में राज्य परिवहन निगम को बंद हुए 20 साल हो गए। अब फिर से सरकारी परिवहन सेवा शुरू होने जा रही है। इस दौरान अनुबंधित बसें और प्राइवेट बसें ही संचालित हो रही थीं। यह बसें मध्यप्रदेश के सभी जिलों को कवर करेंगी।
कार्यक्रम में मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने "यात्री परिवहन विजन समिट 2026" की स्मारिका, मध्यप्रदेश यात्री परिवहन एवं इंफ्रास्ट्रक्चर लिमिटेड (MPYPIL) लोगो और विशेष पुस्तिका का विमोचन किया। उन्होंने सिंगल क्लिक के माध्यम से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस इनोवेशन चैलेंज प्रतियोगिता की घोषणा की। इस दौरान एमपीवायपीआईएल और रैपिडो के बीच महत्वपूर्ण एमओयू भी हुआ।
सीएम डॉ. यादव ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा मुख्यमंत्री सुगम परिवहन बस सेवा (MP Roadways Bus Service) की शुरुआत से बाजार में अवसर बढ़ेंगे, जो हमें आगे बढ़ने का मौका देंगे। उन्होंने कहा कि प्रदेश में ई-व्हीकल्स शुरू हो रहे हैं। अब हमारी धरती पर बने इलेक्ट्रिक व्हीकल इंजन देश-दुनिया में सप्लाई हो रहे हैं। आज एक विशेष एमओयू भी किया गया है। उसके माध्यम से यात्रियों को टू-व्हीलर से सुगम परिवहन बस तक पहुंचने की सुविधा मिलेगी।
उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी के 12 साल के कार्यकाल में मध्यप्रदेश में सबसे तेज गति से 74 हजार किलोमीटर लंबे राजमार्गों का निर्माण हुआ है। दिल्ली-मुंबई सुपर एक्सप्रेसवे कॉरिडोर मध्यप्रदेश में 8 लेन होकर गुजरता है। उन्होंने कहा कि मध्यप्रदेश भारत के मध्य में है। यहां से करीब 6 घंटे में दिल्ली और मुंबई पहुंच सकते हैं। प्रदेशभर में 15 हजार से अधिक बसों और 5 लाख किलोमीटर सड़कों का नेटवर्क तैयार है। पहले उज्जैन में प्रतिवर्ष 60 से 70 लाख श्रद्धालु आते थे। अब इनकी संख्या 8 करोड़ से अधिक पहुंच चुकी है। इस वर्ष उज्जैन में 14 करोड़ श्रद्धालुओं के आने के अनुमान है। ऐसे समय में बस सेवा से यात्रियों का आवागमन सुगम होगा।
परिवहन एवं स्कूल शिक्षा मंत्री उदय प्रताप सिंह ने कहा कि हमारी ई-बसों का लाभ ग्रामीण अंचलों को भी मिलेगा। उन्होंने कहा कि गत वर्ष 1 अप्रैल को प्रदेश में सुगम परिवहन यात्री बस सेवा शुरू करने को मंजूरी दी गई थी। प्रदेश स्तर पर बस ऑपरेशन के लिए इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार किया जाएगा। उन्होंने कहा कि यात्रियों के साथ हमारे बस ऑपरेटर्स को भी लाभ मिलेगा। सेवा संकल्प के माह में हम बस ऑपरेशन को जमीन पर उतारेंगे।
0-वर्ष 2005 में राज्य सड़क परिवहन निगम की सेवाएं स्थगित हो गई थी।
0-राज्य में करीब 20 साल तक प्राइवेट ऑपरेटरों ने बसों का संचालन किया गया।
0-मुख्यमंत्री ने दोबारा बस सेवा शुरू करने के लिए योजना को मंजूरी दी।
0-एमपीवायपीएल के अंतर्गत अब राज्य में बसें चलाई जाएंगी।
0-इस समिट में स्टार्टअप्स, एआई विशेषज्ञों का शामिल किया गया है।
0-राज्य स्तर पर यात्री परिवहन कंपनी का गठन किया गया है।
0-राज्य में 7 क्षेत्रीय सहायक कंपनियां बनाई गई हैं।
0-जिला स्तर पर कलेक्टर की अध्यक्षता में परिवहन सलाहकार समिति गठित की गई हैं।
0-प्रदेश में करीब 55 जिलों के रूट्स का सर्वे हो चुका है।
0-150 सिटी बस रूट, 450 इंटरसिटी रूट और 436 इंटरस्टेट रूट का सर्वे किया है।
0-बसों में पैनिक बटन, जीपीएस, लाइव लोकेशन जैसे फीचर्स जोड़े गए हैं।
0-बसों में इलेक्ट्रॉनिक और सीएनजी मॉडल्स को प्राथमिकता दी गई है।
Updated on:
11 Sept 2026 06:19 pm
Published on:
11 Sept 2026 06:01 pm
