
Indore News : देश की राजधानी दिल्ली की तरह अब मध्य प्रदेश के आर्थिक शहर इंदौर में भी ट्रैफिक नियम तोड़ने वाले वाहन चालकों की मुसीबत बढ़ना शुरु हो गई है। शहर की बिगड़ी ट्रैफिक व्यवस्था को सुधारने के लिए कड़ा कदम लेते हुए ट्रैफिक पुलिस ने कड़ी कार्रवाई रकनी शुरु कर दी है। यही नहीं, शहर के मुख्य चौराहों और मार्गों पर ड्रोन से नजर रखी जा रही है। पुलिस का खास फोकस उन वाहन चालकों पर है, जो रॉन्ग साइड वाहन चलाकर दूसरों की जान खतरे में डालते हैं। दिल्ली पुलिस की तर्ज पर शहर में पहली बार रॉन्ग साइड वाहन चलाने वालो के खिलाफ सीधी एफआईआर ही दर्ज की जा रही है।
शहर के चाणक्यपुरी चौराहे पर गुरुवार को खबर लिखे जाने तक ड्रोन से निगरानी के दौरान कैमरे में कैद हुए चार वाहन चालकों के खिलाफ बीएनएस की धारा 285 के तहत केस दर्ज किया गया है। यही नहीं, पुलिस की इस कार्रवाई को लोगों का समर्थन भी मिल रहा है। नियम तोड़ने वालों पर हो रहे सख्त एक्शन को आम राहगीर पुलिस का दुरुस्त कदम बता रहे हैं। साथ ही एफआईआर को नियम तोड़ते हुए लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाने वालों में डर पैदा करने वाली कार्रवाई बताया।
शहर में लोग किस कदर लापरवाहीपूर्वक वाहन चलाते हैं, इसका उदाहरण देता एक वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। लीडियो में मोपेड सवार एक शख्स अपनी मस्ती में फोन पर बातें करता चला जा रहा था। इसी बीच ट्रैफिक व्यवस्था में तैात पुलिस उसे रोकती है तो भी उसपर कोई फर्क नहीं पड़ता। हालांकि, कुछ सेकंडों बाद जब उसे होश आया तो वो चारों और से खुद को पुलिसकर्मियों के बीच घिरा देक हैरान हो गया। पहले तो पकड़े गए शख्स ने फोन पर किसी रसूखदार से पुलिस जवान की बात कराने का प्रयास किया, पर पुलिस ने जब रसूखदार की भी नीं सुनी तो युवक माफी मांगने लगा। हालांकि, पुलिस ने बिना नर्मी बरके उसके खिलाफ कड़ी चालानी कार्रवाई की है। बताया जा रहा है कि, पुलिस ने वाहन चालक पर 4500 रुपए की चालानी कार्रवाई की है।
ऐसे ही सड़कों पर कुछ मिनट बचाने के लिए रॉन्ग साइड वाहन चलाने वालों की ये लापरवाही वाली आदत उनके लिए मुसाबत बन सकती है। चाणक्यपुरी चौराहे पर ट्रैफिक पुलिस ने रॉन्ग साइड वाहन चलाने वालों के खिलाफ पहली बार सीधे एफआई की है। पुलिस ने ड्रोन के जरिए पूरे इलाके पर नजर रखी और वन-वे में गलत दिशा से घुसने वाले वाहन चालकों को पकड़ा। कार्रवाई के दौरान रॉन्ग साइड वाहन चलाने वाले चार लोगों के खिलाफ बीएनएस की धारा 285 के तहत केस दर्ज किया गया। इसके अलावा, सड़क पर वाहन खड़ा कर यातायात प्रभावित करने और आम राहगीरों के लिए खतरा पैदा करने वालों के खिलाफ भी भारी चालानी कार्रवाई की गई।
रॉन्ग साइड ड्राइविंग को लेकर पुलिस का कहना है कि, यह सिर्फ यातायात नियमों का उल्लंघन नहीं, बल्कि इससे सड़क पर चल रहे दूसरे वाहन चालकों और पैदल लोगों की जान भी खतरे में पड़ जाती है। अब तक ऐसे मामलों में ज्यादातर चालानी कार्रवाई होती थी, लेकिन पुलिस ने साफ किया कि लापरवाही की गंभीरता को देखते हुए अब चालकों के खिलाफ हर संभव कड़ी कार्रवाई की जाएगी, ताकि कुछ लापरवाह लोग सख्ती से ही सही, नियम का पालन करना तो सीखें।