
Avantika Case- री-नीट की तैयारी कर रही बड़वानी जिले के ग्राम बलवाड़ी निवासी अवंतिका मौर्य की इमारत की तीसरी मंजिल से गिरने से मौत हो गई। शुरुआती जांच में सामने आया कि नीट रद्द होने के बाद से तनाव में थी। गुरुवार रात अवंतिका गिर गई थी। शुक्रवार सुबह इलाज के दौरान दम तोड़ दिया। पुलिस आत्महत्या और दुर्घटनावश गिरने के बिंदु पर जांच कर रही है। 21 साल की अवंतिका के मेडिकल ऑफिसर पिता इंदौर में फ़्लैट में ही अंदर थे। बाहर बेटी के साथ जानलेवा घटनाक्रम घट गया। पिता ने कहा कि बेटी कुछ दिनों से डिप्रेशन में थी, उसने खाना भी कम कर दिया था। एमपी कांग्रेस के प्रदेशाध्यक्ष जीतू पटवारी Jitu Patwari ने अवंतिका के पिता से बात की। बाद में उन्होंने इसके लिए नीट परीक्षा निरस्त करने को दोषी बताया।
टीआइ संतोष दूधी के अनुसार बंशीलाल की बेटी अवंतिका धाकड़ कॉलोनी में फ़्लैट में बड़ी बहन डॉ. सपना मौर्य के साथ रहती थी। वह रात करीब 11.30 बजे गिरी थी। पुलिस ने मर्ग कायम कर पोस्टमार्टम कराया।
पुलिस अब अवंतिका की मौत की वजहों का पता लगाने छात्रा की कॉल डिटेल खंगाल रही है। बिल्डिंग में लगे कैमरे में छात्रा के रोड पर गिरने के दृश्य कैद हुए हैं। पुलिस हर एंगल से जांच में जुटी है।
डॉ. सपना ने पुलिस को बताया कि हाल ही में नीट परीक्षा रद्द होने से तनाव में आ गई थी। वह डॉ�टर बनना चाहती थी। पुलिस को पता चला कि पिता भीकनगांव में मेडिकल ऑफिसर हैं। वे एमवाय अस्पताल में ट्रेनिंग लेने कुछ दिन के लिए आए थे। घटना के समय फ़्लैट में ही थे।
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने पिता से बात की। पिता ने बताया कि बेटी का तीसरा ड्रॉप था। डिप्रेशन में आ गई थी। पिछली बार परीक्षा दी थी, पर निरस्त हो गई। एक सवाल पर पिता बोले कि यह सुसाइड लग रहा है। बेटी थोड़े दिन पहले से बातचीत कम करने लगी थी। एकांत में रहने लगी थी। पटवारी ने सोशल मीडिया पर सवाल उठाए हैं।
नीट के कारण स्टूडेंट तनाव में हैं और सुसाइड कर रहे हैं। लखनऊ के ऐशबाग निवासी शिवानी यादव ने घर में फंदे से लटककर आत्महत्या कर ली। वह नीट रद्द होने से अवसाद में थी। बताया जाता है कि परीक्षा रद्द होने के बाद अब तक 13 अभ्यर्थी आत्महत्या कर चुके हैं। अवंतिका भी उनमें से एक हैं।