इंदौर के नजदीक स्थित किशनगंज में केमिकल से नकली पेट्रोल और डीजल बनाने का खेल लंबे समय से चल रहा था।
इंदौर. वैसे ही पेट्रोल डीजल के दाम आसमान छू रहे हैं। अगर इस पर भी कोई आपको नकली पेट्रोल डीजल टिका दे, तो इससे बड़ी बेइमानी ओर क्या हो सकती है, इसलिए आपको अलर्ट होना पड़ेगा, क्योंकि हालही इंदौर में केमिकल से नकली पेट्रोल डीजल बनाने वाली फैक्ट्री का भांडा फोड़ हुआ है।
केमिकल से नकली पेट्रोल और डीजल
इंदौर के नजदीक स्थित किशनगंज में केमिकल से नकली पेट्रोल और डीजल बनाने का खेल लंबे समय से चल रहा था। इस मामले में पुलिस ने करीब चार आरोपियों को धर दबोचा है। ये सभी पीथमपुर स्थित फैक्ट्री से मिलावट के लिए आयल लाकर पेट्रोल पंपों में डालते थे, इस मामले में आरोपियों को पकडऩे के साथ ही पेट्रोल पंप और पीथमपुर स्थित फैक्ट्री को सील कर दिया है।
18 हजार लीटर आयल भरा था
एसपी पश्चिम महेशचंद्र जैन के अनुसार किशनगंज पुलिस ने एमपी बॉम्बे ऑटो पेट्रोल-डीजल पंप महू पर मिलावट के लिए आए टैंकर को पकड़ा है, टैंकर खाली हो रहा था। जिसमें करीब 18 हजार लीटर आयल भरा था। इस मामले में ड्रायवर सुरेश पिता श्यामलाल कुशवाह से पूछताछ पर पता चला कि वह पीथमपुर से आयल लाया था, शिवम इंडस्ट्रीज सेक्टर ३ पीथमपुर पर पुलिस पहुंची तो ऑपरेटर चंद्रप्रकाश पांडे ने बताया फैक्ट्री संचालक राकेश अग्रवाल निवासी वंदना नगर के कहने पर विजय मूंदड़ा के पेट्रोल पंप के टैंकर से मिलावट के लिए उसने पेट्रोल डीजल जैसे दिखने वाले केमिकल हाइड्रो कार्बन को उसके टैंकर में कारखाने से लोड किया था।
एसपी पुनीत गेहलोद के अनुसार शिवम इंडस्ट्री में मुंबई और हजीरा गुजरात से फ्यूल ऑयल, मिक्सड हैक्जिन, सी 09, पेंटेन, रबर प्रोसेस ऑयल खरीदकर मंगाए जाते हैं। इन सभी को तय अनुपात में मिलाकर मिक्सिंग मशीन में मिक्स कर ऐसा मिक्सचर बनाते हैं, जो बिल्कुल पेट्रोल और डीजल की तरह दिखता है, साथ ही पेट्रोल और डीजल की तरह काम भी करता है।
सरकार को करीब 38.50 प्रतिशत टैक्स का नुकसान
इस मामले में आरोपी सुरेश कुशवाह, चंद्र प्रकाश पांडे, विजय कुमार मूंदड़ा, राकेश अग्रवाल के खिलाफ धोखाधड़ी व आवश्यक वस्तु अधिनियम के तहत केस दर्ज किया गया है। पुलिस के अनुसार पेट्रोल पंप द्वारा मिलावट का पेट्रोल डीजल बेचा जाता था, जिससे सरकार को करीब 38.50 प्रतिशत प्रति लीटर पेट्रोल और डीजल में करीब 28 प्रतिशत टैक्स का नुकसान हो रहा था। इसी के साथ वाहन चालकों को भी ठगा जा रहा था। किशनगंज पेट्रोल पंप के साथ ही पीथमपुर के एक पंप व मक्सी के एक पंप को मिलावटी ईंधन बेचा जा रहा था, पुलिस ने सैंपल लिए हैं, जिन्हें जांच के लिए भेजा जाएगा।