इंदौर

एमपी की सड़कों पर अब गाड़ियां आपस में करेंगी बात, हादसों पर लगेगा ब्रेक

IIT Indore Technology: सड़क पर चलती गाड़ियां अब खामोश नहीं रहेंगी। IIT इंदौर की नई तकनीक वाहनों को आपस में संवाद करना सिखा रही है, ट्रैफिक सुधरेगा और सफर पहले से कहीं ज्यादा सुरक्षित होगा।

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Jan 13, 2026
Vehicles Will Communicate Each Other to reduce road accidents (फोटो- AI)

MP News: सड़क हादसों को कम करने, ट्रैफिक व्यवस्था को बेहतर बनाने और भविष्य की स्मार्ट मोबिलिटी की तैयारी के लिए आइआइटी इंदौर (IIT Indore) में अहम शोध किया जा रहा है। इलेक्ट्रिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रोफेसर प्रभात कुमार उपाध्याय के नेतृत्व में शोधकर्ताओं की टीम ने सेलुलर व्हीकल-टू-एवरीथिंग (C-V2X) तकनीक पर आधारित एडवांस्ड इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्टेशन सिस्टम विकसित किया है। यह तकनीक वाहनों को न सिर्फ एक दूसरे से, बल्कि सड़क के इंफ्रास्ट्रक्चर, पैदल यात्रियों और क्लाउड सिस्टम से भी सीधे संवाद करने में सक्षम बनाती है।

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वाहन रियल टाइम में संभावित खतरों से करेंगे अलर्ट

तकनीक का मुख्य उद्देश्य सड़क सुरक्षा बढ़ाना, ट्रैफिक जाम कम करना और यात्रा को ज्यादा सुरक्षित व सुगम बनाना है। सी-वी2एक्स के जरिए वाहन रियल टाइम में एक-दूसरे को संभावित खतरों की जानकारी दे सकते हैं, जैसे आगे दुर्घटना होना, अचानक ब्रेक लगना, खराब सड़क की स्थिति या ट्रैफिक जाम। खास बात यह है कि यह जानकारी कई बार ड्राइवर के खतरा देखने से पहले ही मिल जाती है। हाई-स्पीड नेटवर्क के कारण ये संदेश बेहद कम समय में पहुंचते हैं, जिससे समय रहते सही फैसला लिया जा सकता है।

सीमित वायरलेस नेटवर्क को बांटना थी चुनौती

शोध के दौरान टीम के सामने बड़ी चुनौती यह थी कि सीमित वायरलेस नेटवर्क को आम मोबाइल यूजर्स और वाहनों के बीच कैसे बेहतर तरीके से बांटा जाए। समाधान के लिए टीम ने इंटेलिजेंट रिसोर्स एलोकेशन एल्गोरिदम विकसित किए हैं, जो ट्रैफिक की स्थिति, नेटवर्क और सिग्नल क्वालिटी के अनुसार कम्यूनिकेशन संसाधनों को खुद ही तय करते हैं। इससे सुरक्षा से जुड़े संदेशों का आदान-प्रदान बिना देरी से हो पाता है।

तकनीक का कड़ा परीक्षण

रिसर्च में वास्तविक ट्रैफिक मॉडल और सिमुलेशन के जरिए तकनीकों का कड़ा परीक्षण किया गया है, ताकि असली परिस्थितियों में भी सिस्टम प्रभावी रहे। प्रो. प्रभात उपाध्याय ने बताया, शोध का लक्ष्य वाहनों और सड़क इंफ्रास्ट्रक्चर के बीच भरोसेमंद और तेज संवाद स्थापित करना है। (MP News)

सड़कों की दिशा में मजबूत कदम

सड़क सुरक्षा और सस्टेनेबल और मोबिलिटी आज की सबसे बड़ी जरूरत है। कनेक्टेड और इंटेलिजेंट ट्रांसपोर्टेशन सिस्टम स्मार्ट शहरों और सुरक्षित सड़कों की दिशा में मजबूत कदम हैं। यह शोध आधुनिक संचार तकनीक से लोगों की जान बचाने और ट्रैफिक कम करने में मदद कर सकता है।- प्रो. सुहास जोशी, निदेशक, आइआइटी इंदौर

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Published on:
13 Jan 2026 02:13 am
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