चीन में गूगल पर लगा प्रतिबंध आठ साल बाद हट सकता है। एक अंग्रेजी वेबसाइट के मुताबिक गूगल चीन में प्रवेश के लिए कोडनेम ड्रैगनफ्लाई नामक प्रोजेक्ट के तहत विशेष सर्च इंजन पर 2017 से काम कर रहा है।
नर्इ दिल्ली। दुनिया की दूसरी सबसे बड़ी अर्थव्यवस्था दुनिया के सबसे बड़े सर्च इंजन गूगल से प्रतिबंध हटाने की तैयारी कर रहा है। गूगल इस पर काफी समय से चीन से बातचीत कर रहा था। जिसके बाद चीन की सरकार से इस आेर हरी झंडी मिली है। जानकारों की मानें तो कुछ प्रतिबंधों के साथ गूगल को चीन में एक बार फिर से एंट्री दी जाएगी। आपको बता दें कि चीन में गूगल आैर यूट्यूब पर प्रतिबंध लगा हुआ है।
हट सकता है प्रतिबंध
चीन में गूगल पर लगा प्रतिबंध आठ साल बाद हट सकता है। एक अंग्रेजी वेबसाइट के मुताबिक गूगल चीन में प्रवेश के लिए कोडनेम ड्रैगनफ्लाई नामक प्रोजेक्ट के तहत विशेष सर्च इंजन पर 2017 से काम कर रहा है। इस प्रोजेक्ट पर दिसंबर में गूगल के सीइओ सुंदर पिचाई और चीन के एक वरिष्ठ अधिकारी की बैठक के बाद तेजी आई। बता दें कि गूगल पर सेंसरशिप के बाद 2010 में सर्च इंजन और यू ट्यूब बंद हो गए थे।
ये वेबसाइट्स आैर शब्द रहेंगे ब्लाॅक
इस विशेष सर्च इंजन में कुछ वेबसाइट्स और शब्द ब्लॉक रहेंगे। खबरों के मुताबिक नए सर्च इंजन पर मानवाधिकार, लोकतंत्र, धर्म और शांतिपूर्ण प्रदर्शन जैसे शब्द काली सूची की श्रेणी में रहेंगे और इनसे जुड़ी चीजें नहीं खोजी जा सकेंगी। आपको बता दें कि चीन में मानवधिकार, लोकतंत्र आैर धर्म से जुड़ी चीजों को पहले से ही मान्यता नहीं दी गर्इ है। एेसे में नए सर्च इंजन में इन्हें ब्लाॅक करने की सिफारिश की गर्इ है।
चीनी सरकार को दिया जा चुका है डेमो
चीनी सरकार को इस नए सर्च इंजन का डेमो दिया जा चुका है। उम्मीद जताई जा रही है कि नौ महीने के अंदर इसे जारी कर दिया जाएगा। गूगल ने आधिकारिक तौर पर कुछ भी कहने से इनकार किया है। आपको बता दें कि सुंदर पिचार्इ के गूगल का हेड बनने के बाद से चीन में गूगल की एंट्री के प्रयास तेज हुए हैं।