एविएशन इंडस्ट्री में लाखों लोग होंगे बेरोजगार IATA ने जारी की रिपोर्ट विमान सेवा कंपनियों को 1,122.1 करोड़ डॉलर का होगा नुकसान
नई दिल्ली: कोरोनावायरस ( coronavirus ) की वजह से पूरी दुनिया में एविएशन इंडस्ट्री ( aviation industry ) ठप्प पड़ी है। सबसे बुरा असर अयरलाइंस कंपनियों पर पड़ेगा इस बात का ऐलान बहुत पहले कर दिया गया था। अब जबकि लॉकडाउन को भी महीनों बीत रहे हैं ये सारी बातें सच होती नजर आ रही है। ऑस्ट्रेलिया की वर्जिन एयरलाइंस ने खुद को दिवालिया घोषित कर दिया है और इसी तरह कई कंपनियां अपने कर्मचारियों की छंटनी में लग गई है। लेकिन एयरलाइंस कंपनियों ( airlines companies ) को कितना नुकसान हुआ है इसका पता लॉकडाउन खत्म होने के बाद ही किया जा सकेगा । फिर भी इस संबंध में IATA ने ने एक रिपोर्ट जारी करते हुए कहा है कि आने वाले दिनों में सिर्फ एविएशन इंडस्ट्री से 29 लाख लोगों की नौकरियां चली जाएगी। यानि कि ये सभी लोग बेरोजगार हो जाएंगे ।
इंटरनेशनल एविएशन ट्रैवल एसोसिएशन (IATA) की एक रिपोर्ट में कहा गया है कि कोरोना की वजह से अकेली भारतीय विमान सेवा कंपनियों को इस साल 1,122 करोड़ डॉलर (करीब 86 हजार करोड़ रुपये) का नुकसान होगा।
इस रिपोर्ट में कहा गया है, कोरोना की वजह से लगाए गए प्रतिबंध अगर 3 महीने तक चलते हैं तो पिछले साल की तुलना में यात्रियों की संख्या में करीब 47 प्रतिशत यानि लगभग 8.98 करोड़ यानी की गिरावट आएगी। इससे विमान सेवा कंपनियों को 1,122.1 करोड़ डॉलर की आय का नुकसान होगा और 29,32,900 लोग बेरोजगार हो जाएंगे ।
भारत में जाएंगी सबसे ज्यादा नौकरियां-
रिपोर्ट में दावा कि या गया है कि नौकरियां भारत में सबसे ज्यादा जाएंगी जबकि आय के मामले में सबसे ज्यादा नुकसान जापान और ऑस्ट्रेलिया को होगा । जापान को 2200 करोड़ डॉलर और ऑस्ट्रेलिया को 1400 करोड़ डॉलर के नुकसान की आशंका जताई जा रही है।
इससे पहले iata ने 14 अप्रैल को रिपोर्ट जारी कर भारत में यात्रियों की संख्या में 36 प्रतिशत का नुकसान होने की बात कही थी । तब संस्था ने 884 करोड़ डॉलर की आय और 23 लाख लोगों के बेरोजगार होने की बात कही थी।