एशिया के दाे सबसे बड़े रर्इस मुकेश अंबानी आैर जैक मा र्इ-काॅमर्स सेक्टर में अपने ज्वाइंट वेंचर से दुनिया के सबसे अमीर शख्स जेफ बेजोस की कंपनी अमेजन को कड़ी चुनौती की तैयारी में हैं।
नर्इ दिल्ली। भारत ही नहीं बल्कि एशिया के सबसे अमीर शख्स मुकेश अंबानी भारत के टेलिकाॅम सेक्टर में धूम मचाने के बाद अब र्इ-काॅमर्स सेक्टर में नया धमाका करने की तैयारी में है। इसके लिए मुकेश अंबानी ने रिलायंस इंडस्ट्रीज के 41वीं सालाना बैठक में ही एेलान कर दिया था। सबसे खास बात ये है कि इसके लिए मुकेश अंबानी ने एशिया के दूसरे सबसे अमरी व्यक्ति आैर अलीबाबा के मालिक जैक मा के साथ हाथ मिलाया है। जैक मा र्इ-काॅमर्स सेक्टर में मुकेश अंबानी के कारोबारी पार्टनर होंगे। अलीबाबा चीन की सबसे बड़ी कंपनियों में से एक है आैर र्इ-काॅमर्स सेक्टर में कदम रखने के लिए रिलायंस रिटेल लिमिटेड से बातचीत भी शुरु कर दी है। इस मामले से जुड़े शुरुआती जानकारी के मुताबिक दोनों कंपनियों अपने ज्वाइंट वेंचर में लगभग पांच बिलियन डाॅलर खर्च करेंगी। एशिया के ये दोनों अमीर भारत में फ्लिपकार्ट आैर अमेजन की बादशाहत खत्म करने की ताक में है।
रिलायंस रिटेल में 50 फीसदी हिस्सेदारी खरीदेगी अलीबाबा ग्रुप
अलीबाबा भी भारत के डिजिटल बाजार में अपनी पकड़ मजबूत बनाना चाहती है आैर इसीलिए उसने रिलायंस रिटेल में अब बड़ी हिस्सेदारी खरीदने का मन बना लिया है। इसके साथ ही अलीबाबा ग्रुप इस ताक में है कि वो भारत में अपनी रिटेल दुकानें भी खाेले। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, अलीबाबार रिलायंस रिटेल में लगभग 50 फीसदी की हिस्सेदारी खरीद सकती है जिसके लिए उसे 5 से 6 बिलियन डाॅलर खर्च करने होंगे। बता दें कि किसी भी अलीबाबा की तरफ से किसी भारतीय कंपनी में अलीबाबा की तरफ से ये सबसे बड़ा निवेश होगा।
अगले 10 साल में तेजी से बढ़ने वाला है र्इ-काॅमर्स सेक्टर
बीत माह इस प्रस्ताव को लेकर दोनो एशियार्इ रर्इसों के बीच काफी लंबी बातचीत भी हुर्इ है। बताया जा रहा है कि इस चर्चा की सबसे मुख्य विषय इन दोनों कंपनियों के बीच प्रस्तावित ज्वाइंट वेंचर ही था। यदि ये ज्वाइंट वेंचर भारत में कदम रखता है तो देश र्इ-काॅमर्स सेक्टर में बड़ा धमाका देखने को मिल सकता है। मौजूदा समय को देखते हुए इस सेक्टर से जुड़े विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले 10 सालों में देश का र्इ-काॅमर्स सेक्टर 21 फीसदी CAGR की ग्रोथ तक हो जाएगा जो की कुल 202 अरब डाॅलर का होगा। वहीं दूसरी रिलायंस रिटेल भारत की सबसे तेजी से बढ़ने वाली रिटेल कंपनी है। मौजूदा समय में इसके 4400 शहरों में कुल 7 हजार से भी अधिक स्टोर्स हैं।