अगले तीन महीने में job force में नहीं होगा बदलाव सिर्फ 5 फीसदी कपनियां करेंगी कर्मचारियों की हायरिंग
नई दिल्ली: कोरोनावायरस ( coronavirus ) की वजह से भारतीय अर्थव्यवस्था ( indian economy ) में रोजगार ( employment ) की हालत बिगड़ चुकी है। आने वाले वक्त में भी नौकरी चुनिंदा सेक्टर्स में ही मिलेगी । अगली तिमाही में सिर्फ 5 फीसदी कंपनियां ही हायर ( hiring in lockdown ) करेंगी। मैनपावरग्रुप इम्प्लॉयमेंट आउटलुक सर्वे ( ManpowerGroup Employement Outlook Survey ) के मुताबिक जुलाई से सितंबर तिमाही के दौरान Lockdown Impact के चलते नेट इम्प्लॉयमेंट आउटलुक पांच फीसद पर है, जो सर्वे की शुरुआत से लेकर अब तक का न्यूतनम स्तर है।
हालांकि अच्छी बात ये है कि भारत उन 44 देशों में शामिल है जहां नौकरी की संभावना सकारात्मक हैं । भारत इस 5 फीसदी की बदौलत 44 देशों में शीर्ष 4 देशों में गिना जाता है। भारत के अलावा जापान, चीन और ताइवान में भी नौकरी की संभावनाएं सकारात्मक हैं।
मैनपावरग्रुप इंडिया के ग्रुप मैनेजिंग डायरेक्टर संदीप गुलाटी का कहना है कि फिलहाल देश आर्थिक मंदी के दौर से गुजर रहा है । जिसकी वजह से उद्योग जगत कर्मचारियों को अपनी आय के हिसाब से रेशनलाइज कर रहा है। फिलहाल देश में unlock 1.0 चल रहा है जिसकी वजह से कंपनियों के मूड में बदलाव देखा जा रहा है । कंपनियां हाल फिलहाल अर्थव्यवस्था के खुलने की तैयारी कर रही है। यानि जब अर्थव्यवस्था पूरी तरह से खुल जाएगी तब पता चलेगा कि नौकरियों के हालात कैसे हैं ।
किन सेक्टर्स में होंगी जॉब्स- भारत माइनिंग एंड कंस्ट्रक्शन ( mining and construction ), फाइनेंस ( finances ), इंश्योरेंस ( insuarance ) और रियल एस्टेट ( real estate ) सेक्टर जॉब मार्केट में सबसे ज्यादा नौकरी होने की उम्मीद होगी ।