सियाम ने अगस्त माह में वाहनों की बिक्री के आंकड़े जारी कर दिए हैं।
नई दिल्ली। घरेलू बाजार में यात्री वाहनों की बिक्री में लगातार दूसरे महीने गिरावट दर्ज की गई है। जुलाई में 2.71 फीसदी घटने के बाद अगस्त में देश में यात्री वाहनों की बिक्री 2.46 फीसदी घटकर 2,87,186 इकाई रह गई है। काफी अर्से बाद यात्री वाहनों की बिक्री में लगातार दो महीने गिरावट रही है। नोटबंदी के दौरान भी ऐसा नहीं हुआ था। सियाम के महानिदेशक विष्णु माथुर ने मंगलवार को दिल्ली में अगस्त की बिक्री के आंकड़े साझा करते हुए कहा कि पिछले साल 01 जुलाई को वस्तु एवं सेवा कर (जीएसटी) लागू होने के बाद लगातार दो महीने बिक्री में जबरदस्त उछाल आया था। इसी कारण इस साल जुलाई और अगस्त में एक साल पहले की तुलना में बिक्री घटी है। इसके अलावा केरल में पिछले महीने आई बाढ़ के कारण भी बिक्री प्रभावित हुई।
ये रहा बिक्री का हाल
आंकड़ों के अनुसार, अगस्त में यात्री वाहनों के खंड में कारों की बिक्री 1.03 फीसदी घटकर 1,96,847 इकाई पर आ गई। उपयोगी वाहनों की बिक्री 7.11 फीसदी घटकर 73,073 इकाई रही। हालांकि, वैनों की बिक्री 2.41 फीसदी की बढ़त के साथ 17,266 इकाई पर पहुंच गई। जुलाई में कारों की बिक्री 0.45 फीसदी और उपयोगी वाहनों की 8.95 फीसदी घटी थी, जबकि वैनों की 2.79 फीसदी बढ़ी थी। माथुर ने कहा कि पिछले साल सितम्बर में यात्री वाहनों पर उपकर बढ़ाने से पहले कुछ दिन तक अच्छी बिक्री रही थी और इसलिए इस साल सितम्बर में भी इस खंड में गिरावट या बेहद कम वृद्धि की अपेक्षा है।
दोपहिया वाहनों पर भी रहा दबाव
यात्री वाहनों के साथ ही दोपहिया वाहनों के खंड पर भी दबाव रहा। इनकी बिक्री 2.91 फीसदी की मामूली बढ़ोतरी के साथ 19,46,811 इकाई रही। माथुर ने बताया कि पश्चिम बंगाल में दुपहिया वाहन खरीदने के लिए लाइसेंस अनिवार्य करने से वहां बिक्री प्रभावित हुई। इस खंड में स्कूटरों की बिक्री 0.60 फीसदी घटकर 6,69,416 इकाई और मोपेडों की बिक्री 13.47 फीसदी की गिरावट के साथ 70,883 इकाई रह गई। मोटरसाइकिलों की बिक्री 6.18 फीसदी बढ़कर 12,06,512 इकाई पर पहुंच गई। वाणिज्यिक वाहनों का प्रदर्शन लगातार मजबूत बना हुआ है। माथुर ने कहा कि सियाम जल्द ही इस खंड के लिए बिक्री के अपने पूर्वानुमान को बढ़ाएगा।