जबलपुर

हाईकोर्ट ने नाबालिग रेप पीड़िता को दी अबॉर्शन की अनुमति, 28 सप्ताह से ज्यादा का है गर्भ

MP High Court : दमोह में रहने वाली एक नाबालिग और उसके परिवार ने दमोह जिला एवं सत्र न्यायालय में गर्भपात की अनुमति के लिए याचिका लगाई थी, जिसकी सुनवाई के दौरान जिला एवं सत्र न्यायालय ने हाईकोर्ट से अनुमति मांगी थी। हाईकोर्ट ने हरी झंडी दे दी है।
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MP High Court
हाईकोर्ट ने नाबालिग रेप पीड़िता को दी अबॉर्शन की अनुमति (Photo Source- Patrika)

MP High Court :मध्य प्रदेश के जबलपुर स्थित हाईकोर्ट ने नाबालिग रेप पीड़िता के केस में सुनवाई करते हुए उसे गर्भपात कराने की अनुमति दे दी है। हाईकोर्ट के अनुसार, क्योंकि नाबालिक का गर्भ 28 हफ्तों से ज्यादा का है। लिहाजा डॉक्टरों की विशेष निगरानी में गर्भपात कराया जाए। दरअसल, दमोह में रहने वाली एक नाबालिग और उसके परिवार ने दमोह जिला एवं सत्र न्यायालय में गर्भपात की अनुमति के लिए याचिका लगाई थी, जिसकी सुनवाई के दौरान जिला एवं सत्र न्यायालय ने हाईकोर्ट को एक पत्र भेजकर अनुमति मांगी थी। इस पत्र के आधार पर हाईकोर्ट ने पीड़िा को गर्भपात की अनुमति दे दी है।

मध्य प्रदेश हाईकोर्ट के आदेश के अनुसार, नाबालिग का गर्भपात महिला विशेषज्ञ की विशेष निगरानी में होना चाहिए। साथ ही, ये भी कहा- अगर बच्चा जिंदा पैदा हो तो उसके पालन-पोषण और देखरेख की जिम्मेदारी शासन के जिम्मे होगी। अगर बच्चा मृत हो तो फिर डीएनए जांच के लिए उसका भ्रूण सुरक्षित रखने के भी निर्देश दिए गए हैं।

नाबालिग की मां ने दी अनुमति

बता दे कि, नाबालिग रेप पीड़िता का गर्भ 28 सप्ताह से ज्यादा का हो चुका है। ऐसे में उसके मेडिकल रिपोर्ट में जोखिम की बात कही गई है। जिसपर पीड़िता की मां ने हाईकोर्ट में गुहार लगाई थी हम हर जोखिम उठाने को तैयार हैं। जिसे हाईकोर्ट में गंभीरता से लेते हुए जल्द से जल्द डॉक्टर की निगरानी में गर्भपात की अनुमति दे दी। अब अनुमति मिलने पर पीड़िता को दमोह से जबलपुर मेडिकल कॉलेज लाया जाएगा। जहां महिला डॉक्टरों और रेडियोलॉजिस्ट की विशेष निगरानी में पीड़िता का गर्भपात कराया जाएगा।

Updated on:
12 Jun 2025 11:28 am
Published on:
12 Jun 2025 11:28 am