
जबलपुर। सिविल लाइंस पुलिस ने मंगलवार को मजनू अभियान चलाया। इसकी चपेट में एक सब इंसपेक्टर भी आ गया। इसके बाद पुलिस महकमे में ही हंगामा मच गया। हुआ यूं कि सिविल लाइंस पुलिस की एक टीम नवयुग और साइंस कॉलेज के आसपास अचानक जांच के लिए पहुंची। इस दौरान पुलिस कर्मी कॉलेज कैंपस के आसपास खड़े मनचले जैसे दिखने वाले युवकों को खदेड़ रही थी। इस दौरान पुलिस कर्मियों की चेतावनी के बाद भी एक युवक जो चाय के ठेले पर खड़ा था वह नहीं हटा। जब सिविल लाइंस पुलिस के एक सिपाही ने उसे कॉलेज के पास से जाने के लिए कहा तो एसआई बिफर गया। वह सिपाही से उलझ गया। दोनों के बीच सड़क पर तू-तू मैं-मैं हुई। मामला पुलिस अधीक्षक तक पहुंच गया।
एक हाथ में चाय, दूसरे में सिगरेट
सिविल लाइंस पुलिस की कार्रवाई के दौरान कॉलेज के आसपास बिना कामकाज के खड़े युवकों को भगाया जा रहा था। सिविल लाइंस पुलिस की टीम चाय-पान के टपरों पर खड़े युवकों पर विशेष नजर रखें हुए थे। जिस वक्त सिविल लाइंस पुलिस की टीम कार्रवाई कर रही थी उसी दौरान एसआई अभिलाष नवयुग कॉलेज के पास एक दुकान पर खड़ा था। उसके एक हाथ में चाय और दूसरे में सिगरेट थी। पुलिस टीम की चेतावनी के बाद भी वह दुकान अकड़ कर खड़ा रहा और सिगरेट का कश लगाता रहा। इस पर सिविल लाइंस पुलिस के एक सिपाही ने उसे तत्काल वहां से जाने के लिए कहा। लेकिन अभिलाष हिला तक नहीं। इससे सिपाही नाराज हुआ और उसके पुलिसिया अंदाज में अभिलाष को वहां से भगाने का प्रयास किया।
सादी वर्दी में था एसआई
पुलिस के अनुसार एसआई अभिलाष नवयुक कॉलेज के पास सादी वर्दी में खड़ा था। वर्दी में नहीं होने के कारण सिपाही उसे पहचान नहीं पाया। उसने अन्य युवकों की तरह कॉलेज के पास मिले एसआई को भी वहां से जाने के लिए कह दिया। सिपाही की चेतावनी मिलते ही एसआई तिलमिला गया। उसने आरक्षक पर चिल्लाना शुरू कर दिया। सादी वर्दी में खड़े एसआई के व्यवहार पर सिपाही भी बिगड़ गया। दोनों के बीच काफी देर तक सड़क पर ही विवाद होता रहा। इस बीच सड़क पर तमाशबीनों की भीड़ जमा हो गई। दोनों पुलिस कर्मी अपना परिचय और बताते हुए एक-दूसरे पर कई आरोप मढ़ते रहे।
एसपी की समझाइश के बाद शांत
नवयुग कॉलेज के पास हुई इस घटना के बाद पुलिस महकमे में उथल-पुथल मच गई। एसआई ने घटना के बारे में एक एएसपी को जानकारी दी। उसने सिविल लाइंस सिपाही पर बुरे बर्ताव का आरोप लगाया। वहीं, सिपाही ने एसआई के वर्दी में नहीं होने के कारण उसे पहचानने में चूक की बात कही है। इस बीच सड़क पर दोनों पुलिसकर्मियों के विवाद के बाद काफी देर तक हाईवोल्टेज ड्रामा चला। शिकायत एसपी ऑफिस तक पहुंची तो वरिष्ठ अधिकारियों ने एसआई और सिपाही को तलब किया। बाद में दोनों को समझाइश देकर जाने दिया गया।
पता चला एसआई है तो फिर कुछ नहीं बोले
क्राइम ब्रांच के एएसपी संदीप मिश्रा के अनुसार एसआई अभिलाष अकेला खड़ा था। सिविल लाइंस पुलिस का बर्ताव उससे अच्छा नहीं था। यह बात अभिलाष ने मुझसे कही, तो मैने एसपी को अभिलाष द्वारा बताया गया घटनाक्रम बताया। मामले में दोनों पक्षों को समझाईश दी गई। वहीं, सिविल लाइंस थाना प्रभारी अरविंद जैन के अनुसार एसआई सिगरेट का कश लगा रहा था। चूंकि वह सादे कपड़ो में था इसलिए आरक्षक ने शोहदा समझ उसे टोंका, तो वह बिफर गया। जब पता चला कि वह एसआई है, तो उसे जाने दिया गया।