छत्तीसगढ़ का बस्तर अभी भी पानी से लबालब है, 300 से अधिक परिवार अभी भी उफान के कारण फसे हुए हैं।
जगदलपुर । बस्तर में पिछले तीन दिनों से हो रही लगातार बारिश से इंद्रावती नदी (Indrawati river) उफान पर है। खतरे के निशान से ऊपर बह रही है। नदी के इस रूप को देखने के लिए बड़ी संख्या में लोग पहुंच रहे हैं। मंगलवार की शाम कुम्हारपारा की वैशाली अपने दोस्तों के साथ महादेवघाट पर इंद्रावती का नजारा देखने पहुंची थी।
इसी दौरान सेल्फी लेते हुए उसका पैर फिसल गया और नदी में गिर गई। देखते ही देखते वह नदी के गहराई वाले क्षेत्र में जाने लगी। तभी नदी के किनारे बरगद के पेड़ की शाखाओं से निकलने वाली जटाओं पर उसका हाथ पड़ गया और वह किसी तरह अपने आप को डूबने से बचाने का प्रयास करती रही।
छत्तीसगढ़ का बस्तर अभी पानी से लबालब है।300 से अधिक परिवार अभी भी बारिश के कारण फसे हुए हैं।कई परिवारों को सुरक्षा बालों ने सही सलामत सुरक्षित स्थान पर पंहुचा दिया है। बस्तर के इंद्रावती और गंगरेल नदी उफान पर हैं।
बारिश की वजह से जलप्रपात के साथ साथ बस्तर की जीवनदायिनी इंद्रावती नदी भी दिनों सुंदरता को बिखेर रहा है। जिसे देखने के लिये भारी संख्या में लोग नदी तक पहुंच रहे हैं।इसी बीच वैशाली भी प्रकृति का आनंद लेने महादेव घाट पहुंची थी जहा उसके साथ ये हादसा हुआ। नदी में गिरने के बाद उसे शहर के 2 जांबाज युवकों ने अपनी जान की बाजी लगाते हुए नदी से बाहर निकालकर युवाती की जान बचा ली।जांबाज युवकों का नाम आशीष औऱ उमेश नामक है जिन्होंने नदी से युवती को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।