
सहकारिता राज्यमंत्री गौतम कुमार ने सोमवार को विधानसभा में कहा कि प्रदेश के जरूरतमंद किसानों को साख सीमा के अनुरूप अधिकतम ऋण उपलब्ध करवाने के पूरे प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने बताया कि राज्य सरकार ने इस वर्ष 5 लाख नए कृषकों को ऋण उपलब्ध कराने का लक्ष्य रखा है। विधायक पूसाराम गोदारा के प्रश्न पर मंत्री ने यह जवाब दिया।
उन्होंने कहा कि ग्राम सेवा सहकारी समितियों के माध्यम से केन्द्रीय सहकारी बैंकों द्वारा किसानों को 1.50 लाख रुपए तक अल्पकालीन ऋण की साख सीमा एवं केन्द्रीय सहकारी बैंकों द्वारा सीधे किसानों को कृषक मित्र योजनान्तर्गत तीन लाख रुपए तक अल्पकालीन साख सीमा दिए जाने का प्रावधान है। मध्यकालीन ऋण के तहत केन्द्रीय सहकारी बैंकों द्वारा किसानों को 10 लाख रुपए तक की साख सीमा उपलब्ध कराई जाती है।
बताते चलें कि राजस्थान की वित्तमंत्री दिया कुमारी ने बजट के दौरान यह घोषणा की थी। इस साल 3500 करोड़ के शॉर्ट टर्म लोन बांटे जाएंगे। जिसके तहत 5 लाख नए किसानों को ब्याज मुक्त ऋण दिया जाएगा। किसानों को बड़ी राहत देते हुए दिया कुमारी ने कहा था कि समय पर फसली कर्ज चुकाने वाले किसानों को 2 प्रतिशत ब्याज अनुदान मिलेगा। इसके साथ ही दीर्घकालिक कृषि ऋण के लिए बजट दोगुना कर दिया गया है। अब बजट 50 करोड़ रुपए की जगह 100 करोड़ रुपए का रखा गया।