Pension Verification : राजस्थान में अंत्योदय पखवाड़ा बना जनकल्याण की मिसाल, हजारों समस्याओं का हुआ समाधान, भजनलाल सरकार की सेवा और सुशासन की नई पहचान: गांव-गरीब तक पहुंची योजनाओं की रोशनी।
Public Welfare : जयपुर। राजस्थान सरकार की ओर से 24 जून से 9 जुलाई तक चलाया गया पंडित दीनदयाल उपाध्याय अंत्योदय संबल पखवाड़ा राज्य के जनजीवन में व्यापक परिवर्तन लेकर आया। “लक्ष्य अंत्योदय, प्रण अंत्योदय, पथ अंत्योदय” की भावना से संचालित इस अभियान ने न केवल शासन की संवेदनशीलता को दर्शाया, बल्कि वर्षों से लंबित समस्याओं के समाधान की नई मिसाल भी पेश की। शिविर के दौरान ऊर्जा विभाग ने 55,437 झूलते तारों को सुधारा, वहीं पीएचईडी विभाग ने 43,493 नए नल कनेक्शन दिए।पखवाड़े के दौरान मुख्यमंत्री स्वयं बालोतरा, जोधपुर, कोटा, खैरथल-तिजारा, कोटपूतली-बहरोड़, चूरू, बीकानेर और सवाई माधोपुर जैसे जिलों में शिविरों का निरीक्षण कर आमजन से संवाद करते रहे। इससे योजनाओं के लाभ वास्तविक लाभार्थियों तक सीधे पहुँचे।
राज्य सरकार ने 60,716 सीमाज्ञान, 1.32 लाख से अधिक नामांतरण, 26,858 सहमति विभाजन और 31,848 रास्तों से जुड़े विवादों का समाधान कर दिया। इससे न केवल भूमि विवाद सुलझे, बल्कि किसानों व ग्रामीणों को उनके हक के कागज भी प्राप्त हुए।
ऊर्जा विभाग ने 55,437 झूलते तारों को सुधारा, वहीं पीएचईडी विभाग ने 43,493 नए नल कनेक्शन दिए और 15,869 पानी की टंकियों की सफाई कराई। वन विभाग द्वारा ‘एक पेड़ मां के नाम’ अभियान के तहत 1.92 करोड़ पौधे वितरित किए गए।
खाद्य विभाग ने 1.88 लाख खाद्य सुरक्षा आवेदन निपटाए। इनमें 1.95 लाख पेंशनर्स का सत्यापन हुआ, 8,780 यूडीआईडी कार्ड जारी किए गए और 79,577 वरिष्ठजन वय वंदना योजना में जुड़े। उच्च शिक्षा विभाग ने 17,938 छात्राओं को स्कूटी ई-वाउचर जारी किए और 12,050 स्कूटी वितरित कीं।