
जयपुर। राजस्थान में होने वाले पंचायत चुनाव से पहले भजनलाल सरकार गांवों के विकास के लिए विशेष अभियान शुरू करने जा रही है। प्रदेश के हर गांव का अलग रोडमैप बनाया जाएगा, जिसकी शुरुआत आज से हो रही है। यह कदम चुनाव से पहले गांवों की तस्वीर बदलने के साथ-साथ विकास को नई रफ्तार देने वाला माना जा रहा है।
राजस्थान इंटरनेशनल सेंटर में बुधवार को आयोजित ‘उद्यमी संवाद’ कार्यक्रम में सीएम भजनलाल शर्मा ने राजस्थान इंडस्ट्रियल पार्क प्रमोशन पॉलिसी, राजस्थान एयरोस्पेस एंड डिफेंस और राजस्थान सेमीकंडक्टर पॉलिसी लॉन्च की। एकीकृत क्लस्टर डवलपमेंट स्कीम, मुख्यमंत्री युवा स्वरोजगार योजना और विश्वकर्मा युवा उद्यमी प्रोत्साहन योजना के तहत लाभार्थियों को चेक सौंपे।
रीको इंडस्ट्रियल एरिया में डवलपमेंट से जुड़े 86 प्रोजेक्ट्स को भी रफ्तार मिली है। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने रीको इंडस्ट्रियल एरिया में डवलपमेंट से जुड़े 119 करोड़ रुपए के 40 विकास कार्यों का उद्घाटन किया। इसके अलावा 226 करोड़ लागत के 46 नए प्रोजेक्ट्स का शिलान्यास किया।
इस मौके पर सीएम भजनलाल शर्मा ने कहा कि हर गांव, पंचायत और वार्ड का विस्तृत रोडमैप तैयार किया जाएगा, जिसकी शुरुआत 19 मार्च से होगी। स्थानीय संसाधन, फसल, वनस्पति और रोजगार के अवसरों का आकलन कर तय होगा कि किस क्षेत्र में कौन-सी गतिविधियां और उद्योग विकसित किए जा सकते हैं। वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट के जरिए स्थानीय उत्पादों को बढ़ावा मिलेगा।
जिलेवार संभावनाओं के आधार पर उद्योगों की योजना बनेगी। उद्योगपतियों के साथ कमेटियां गठित होंगी, जो संसाधनों और जरूरतों का अध्ययन करेंगी। अधिकारी जिलों में जाकर मौके पर स्थिति का आकलन करेंगे और तय करेंगे कि कहां कौन-से उद्योग व प्रोसेसिंग यूनिट लग सकते हैं। गांवों में रोजगार बढ़ेगा और स्थानीय अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी।
सीएम ने कहा कि कच्चा माल राजस्थान में पैदा होता है, जबकि प्रोसेसिंग अन्य राज्यों में होती है। ऐसा नहीं होना चाहिए। उन्होंने बांसवाड़ा में मक्का, हनुमानगढ़ में किन्नू, कोटा-झालावाड़ में धनिया- सोयाबीन, अलवर-भरतपुर में सरसों और जैसलमेर में खजूर जैसे उत्पादों की प्रोसेसिंग यूनिट लगाने की जरूरत जताई।