— परीक्षा के लिए पंजीकृत हुए 6 लाख 50 हजार विद्यार्थी, प्रदेशभर में परीक्षा के लिए बनाए 1 हजार 856 केन्द्र
जयपुर। इस बार प्रारम्भिक शिक्षा में डिप्लोमा (डीएलएड) बीएसटीसी की परीक्षा में कोई भी गड़बड़ी नहीं हो इसके लिए विशेष इंतजाम किए गए हैं। पिछली बार इस परीक्षा में 11 मुन्नाभाई पकड़े गए थे। अबकी बार परीक्षा प्रदेशभर मे 6 मई को होगी। राज्य के सभी 33 जिलों में बनाए 1 हजार 856 परीक्षा केंद्रों पर यह परीक्षा होगी। परीक्षा दोपहर 2 से सांय 5 बजे तक होगी।
ओएमआर शीट पर फोटो
परीक्षा में इस बार विद्यार्थियों की सुविधा के लिए पहली बार ओएमआर शीट पर परीक्षार्थी का नाम, फोटो, रोल नम्बर अंकित रहेंगे। परीक्षार्थी परीक्षा के बाद प्रश्न पत्र साथ ले जा सकेंगे। परीक्षा में किसी भी प्रकार की कोई गड़बड़ी नहीं हो इसके लिए यह व्यवस्था की गई है।
इसलिए की सख्ती
पिछली बार कोटा विश्वविद्यालय की ओर से आयोजित बीएसटीसी की परीक्षा में उदयपुर की एटीएस टीम ने पांच मुन्नाभाई पकड़े, इसी तरह जालोर व भीनमाल में 6 एवजी परीक्षा देते पकड़े थे। उदयपुर में आरोपित फर्जी आधार कार्ड आईडी बनाकर उदयपुर व अन्य परीक्षा केन्द्रों पर परीक्षा दे रहे थे। वहीं जालोर और भीनमाल में दूसरे अभ्यर्थी एवजी बनकर परीक्षा देते पकड़े गए थे।
इस बार सर्वाधिक परीक्षार्थी
शिक्षा राज्य मंत्री वासुदेव देवनानी ने बताया कि गोविंद गुरु जनजातीय विश्वविद्यालय, बांसवाड़ा द्वारा आयोजित की जाने वाली इस परीक्षा में इस बार 6 लाख 50 हजार परीक्षार्थी पंजीकृत हुए हैं। इस परीक्षा में बैठने वालों की यह अब तक की सर्वाधिक संख्या है। गौरतलब है कि पिछली बार यह परीक्षा कोटा विश्वविद्यालय की ओर से आयोजित की गई थी। 2017 की इस परीक्षा में 4 लाख 32 हजार 599 अभ्यर्थी पंजीकृत हुए थे।
80 हजार शिक्षकों की ड्यूटी
मंत्री देवनानी ने बताया कि परीक्षा के लिए विश्वविद्यालय द्वारा विशेष तैयारियां की गई है। परीक्षा के सफल आयोजन के लिए 80 हजार शिक्षक परीक्षा ड्यूटी पर रहेंगे। परीक्षा में विद्यार्थियों की प्रवेश सम्बन्धी समस्याओं के तत्काल निवारण के लिए विश्वविद्यालय द्वारा विशेष कंट्रोल रूम स्थापित किया गया है। इसके दूरभाष नम्बर 02962-246022 और 02962-247022 पर विद्यार्थी संपर्क कर सकते हैं।