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Bullet Train: राजस्थान में रुकी परियोजना को नई रफ्तार, सांभर झील क्षेत्र में बिछेगा हाई स्पीड रेलवे टेस्ट ट्रैक; अथॉरिटी ने दी मंजूरी

Bullet Train In Rajasthan: जयपुर-जोधपुर रेलमार्ग पर प्रस्तावित हाई स्पीड रेलवे टेस्ट ट्रैक को सांभर झील क्षेत्र क्षेत्र में बिछाने की मंजूरी मिल गई है। अब केंद्र सरकार की स्वीकृति मिलते ही निर्माण शुरू हो सकेगा।
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Jul 24, 2025
Bullet
बुलेट ट्रेन। फोटो: पत्रिका

जयपुर। जयपुर-जोधपुर रेलमार्ग पर प्रस्तावित हाई स्पीड रेलवे टेस्ट ट्रैक को सांभर झील क्षेत्र में बिछाने की मंजूरी मिल गई है। बुधवार को सचिवालय में हुई स्टेट वेटलैंड अथॉरिटी की बैठक में ट्रैक को झील के वेटलैंड हिस्से से गुजरने की अनुमति दे दी गई। अब केंद्र सरकार की स्वीकृति मिलते ही निर्माण शुरू हो सकेगा। ऐसे में उम्मीद है कि झील क्षेत्र में 2.5 किमी लंबा ट्रैक बिछने के बाद जल्द ही बुलेट ट्रेन का ट्रायल होगा।

दरअसल, 64 किलोमीटर लंबे इस टेस्ट ट्रैक का 80 फीसदी काम पहले ही पूरा हो चुका है। नावां के पास झील क्षेत्र में 2.5 किमी हिस्से पर अनुमति नहीं मिलने से 3 साल से काम अटका था। रेलवे कई बार स्वीकृति मांग चुका था। इस मामले को राजस्थान पत्रिका ने सोमवार के अंक में प्रमुखता से उठाते हुए प्रकाशित किया। इसके बाद अथॉरिटी की बैठक में मंजूरी दी गई है।

राजस्थान में बनेंगे 7 रेलवे स्टेशन

सर्वे रिपोर्ट में कुल 13 प्रस्तावित स्टेशन तय किए गए हैं। इसमें जयपुर समेत राजस्थान के कुल 7 स्टेशन शामिल है। इसके अलावा गुजरात के 3 स्टेशन, हरियाणा के 2 स्टेशन व दिल्ली का 1 स्टेशन शामिल है। राजस्थान की बात करें तो खेरवाड़ा (डूंगरपुर), उदयपुर, भीलवाड़ा, चित्तौड़गढ़, अजमेर, जयपुर, बहरोड़ (अलवर) में बुलेट ट्रेन के लिए रेलवे स्टेशन बनेंगे।

रेलवे के लिए साबित हो सकता है बड़ा गेमचेंजर

बता दें कि रेलवे ने जयपुर-जोधपुर रेलमार्ग पर वर्ष 2019-20 में 64 किमी लंबे हाई स्पीड (200 किमी प्रति घंटा स्पीड) ट्रायल ट्रैक की बजट घोषणा की थी और वर्ष 2020 में उसका काम शुरू हुआ। जो अब तक 80 फीसदी से ज्यादा पूरा हो चुका है। रेलवे अधिकारियों के मुताबिक चीन, अमेरिका, ऑस्ट्रेलिया जैसे देशों में इसी तरह के ट्रैक पर हाई स्पीड ट्रायल होते हैं। भारत में नई ट्रेन या वैगन का परीक्षण करते समय यातायात रोकना पड़ता है। यह ट्रैक चालू होने से नए इंजनों और कोच का ट्रायल सुगम होगा। रेलवे के लिए यह एक बड़ा गेमचेंजर साबित हो सकता है, क्योंकि यहां 200 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से ट्रायल हो सकेगा।

Updated on:
24 Jul 2025 09:21 am
Published on:
24 Jul 2025 07:28 am