Fire in SMS Hospital: राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल, सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल के ट्रोमा सेंटर में रविवार देर रात भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया।
Fire in SMS Hospital: राजस्थान के सबसे बड़े सरकारी अस्पताल, सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल के ट्रोमा सेंटर में रविवार देर रात भीषण आग लगने से हड़कंप मच गया। यह आग ट्रोमा सेंटर की दूसरी मंजिल पर स्थित आईसीयू वार्ड में लगी, जिसमें 8 मरीजों की दर्दनाक मौत हो गई। मृतकों में 4 पुरुष और 2 महिलाएं शामिल हैं। वहीं, 5 मरीज अभी गंभीर हैं।
ट्रोमा सेंटर के प्रभारी डॉ. अनुराग धाकड़ ने इन मौतों की पुष्टि करते हुए बताया कि आग संभवतः शॉर्ट सर्किट के कारण लगी, जिससे जहरीली गैसें फैलीं और मरीजों की स्थिति और गंभीर हो गई। हादसे के समय आईसीयू और सेमी-आईसीयू में कुल 18 मरीज भर्ती थे, जिनमें से 11 उस आईसीयू में थे, जहां आग लगी। शेष 13 मरीज नजदीकी सेमी-आईसीयू में इलाजरत थे।
डॉ. अनुराग धाकड़ ने बताया कि प्रारंभिक जांच में शॉर्ट सर्किट को आग का कारण माना जा रहा है। हमारे मरीज गंभीर स्थिति में थे, कई कोमा में थे, जिनके सर्वाइवल रिफ्लेक्स कमजोर थे। आग और जहरीली गैसों के कारण उनकी हालत बिगड़ गई। हमने उन्हें सपोर्ट सिस्टम के साथ निचली मंजिल के आईसीयू में शिफ्ट करने की कोशिश की, लेकिन 6 मरीजों को नहीं बचा सके।
आग की सूचना मिलते ही अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई। दमकल विभाग की करीब एक दर्जन गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और पुलिस, अस्पताल प्रशासन, और दमकलकर्मियों ने मिलकर मरीजों को बाहर निकाला। 18 मरीजों को तुरंत दूसरी जगहों पर शिफ्ट किया गया, लेकिन 6 मरीजों को बचाया नहीं जा सका। शिफ्ट किए गए मरीजों में से आधा दर्जन की हालत गंभीर बताई जा रही है। इसके अलावा, चार-पांच मरीजों को जलने की चोटें आई हैं और अस्पताल स्टाफ के कुछ लोग धुएं के कारण बीमार हुए।
बता दें, घटना की सूचना मिलते ही मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा तुरंत अस्पताल पहुंचे और स्थिति का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों को त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। इससे पहले सीएम ने फोन पर भी लगातार जानकारी ली और मरीजों के इलाज के लिए हर संभव मदद का आश्वासन दिया। चिकित्सा शिक्षा सचिव अंबरीश कुमार, पुलिस कमिश्नर बीजू जॉर्ज जोसफ, कलेक्टर जितेंद्र सोनी, और SMS मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. दीपक माहेश्वरी भी मौके पर मौजूद रहे।
घटना की गंभीरता को देखते हुए मुख्यमंत्री ने हाईलेवल जांच कमेटी गठित करने के निर्देश दिए, जिसके आदेश जल्द जारी होने की उम्मीद है। वहीं, राज्य के मंत्री किरोड़ी लाल मीणा भी मौके पर पहुंचे और मरीजों को निकालने में सहयोग किया। उन्होंने बताया कि सभी मरीजों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया है और घायलों का इलाज जारी है।