SMS Hospital: जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल में देश का पहला और दुनिया का दूसरा सरकारी डर्मेटोलॉजी इंस्टीट्यूट शुरू हो गया है। अब लेजर ट्रीटमेंट, हेयर ट्रांसप्लांट और पीआरपी जैसी महंगी स्किन ट्रीटमेंट सुविधाएं यहां महज 500 से 1500 रुपए में मिल सकेंगी।
First Govt Dermatology Institute In India: गंजापन, दाग-धब्बे या जटिल चर्म रोगों से परेशान मरीजों के लिए बड़ी राहत की खबर है। अब जिन उपचारों के लिए निजी अस्पतालों में 50 हजार से 1 लाख रुपए तक खर्च करने पड़ते थे, वही सुविधाएं सवाई मानसिंह अस्पताल में महज 500 से 1500 रुपए में उपलब्ध होंगी।
चरक भवन में स्थापित इंस्टीट्यूट ऑफ डर्मेटोलोजी मरीजों के लिए गेमचेंजर साबित होगा। यहां लेजर ट्रीटमेंट, हेयर ट्रांसप्लांट, पीआरपी थैरेपी सहित कई आधुनिक सुविधाएं एक ही फ्लोर पर मिलेंगी। विभागाध्यक्ष डॉ. दीपक माथुर के अनुसार, जटिल चर्म रोगों से लेकर कॉस्मेटिक समस्याओं तक का समग्र इलाज यहां संभव होगा।
चिकित्सा मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर ने मंगलवार को इसका शुभारंभ किया। अस्पताल में हर साल करीब 4 से 5 लाख मरीज चर्म व गुप्त रोगों के इलाज के लिए पहुंचते हैं, जिससे यहां उपचार की बड़ी जरूरत महसूस की जा रही थी। करीब 7 करोड़ रुपए की लागत से बने इस सेंटर में 14 अत्याधुनिक प्रोसिजर रूम तैयार किए जाएंगे, जहां आधुनिक मशीनों और विशेषज्ञ डॉक्टरों की मदद से इलाज किया जाएगा।
विशेषज्ञों का दावा है कि यह देश का पहला और दुनिया का दूसरा ऐसा सरकारी डर्मेटोलॉजी इंस्टीट्यूट होगा, जहां इतने व्यापक स्तर पर सस्ती दरों में हाईटेक इलाज उपलब्ध कराया जाएगा। इससे आम मरीजों को महंगे निजी अस्पतालों के बजाय सरकारी अस्पताल में ही आधुनिक और किफायती उपचार की सुविधा मिल सकेगी।
हालांकि, इसी दौरान चरक भवन में एक विरोधाभासी तस्वीर भी सामने आई। जहां एक ओर अत्याधुनिक लैब का उद्घाटन हुआ, वहीं उसके ठीक सामने कचरे का ढेर नजर आया। मंत्री के पहुंचने से पहले आंगन को जल्दबाजी में साफ कर चमकाने की कोशिश की गई।
इस अवसर पर चिकित्सा मंत्री ने मानसिक स्वास्थ्य के लिए ‘राज-ममता’ कार्यक्रम का शुभारंभ किया। इसके तहत मानसिक स्वास्थ्य के लिए एक्सीलेंस सेंटर, जिला स्तर पर काउंसलिंग और स्कूलों में जागरूकता कार्यक्रम शुरू किए जाएंगे। स्वास्थ्य सेवाओं की ऑनलाइन मॉनिटरिंग के लिए नए एप भी लॉन्च किए गए और अधिकारियों को संसाधनों के बेहतर उपयोग, स्टाफ मैनेजमेंट व अस्पतालों में सीसीटीवी और स्वच्छता सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।