
Rajasthan Politics: राजस्थान प्रदेश कांग्रेस के अध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा ने सोमवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में आगामी पंचायत और निकाय चुनावों के लिए बड़ा ऐलान किया। उन्होंने कहा कि इन चुनावों में 50 प्रतिशत टिकट 50 वर्ष से कम उम्र के उम्मीदवारों को दिए जाएंगे, ताकि युवा नेतृत्व को बढ़ावा मिले।
साथ ही गोविंद सिंह डोटासरा ने टिकट वितरण में संगठन के पदाधिकारियों की भूमिका को निर्णायक बताया और जमीनी स्तर पर सक्रिय कार्यकर्ताओं को प्राथमिकता देने की बात कही। डोटासरा ने कांग्रेस में गुटबाजी के सवालों को खारिज करते हुए कहा कि राजस्थान में पार्टी पूरी तरह एकजुट है।
डोटासरा ने पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत के सचिन पायलट पर दिए 'मोहब्बत' वाले बयान का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि गहलोत 73 साल के हैं और तीन बार मुख्यमंत्री रहे हैं। उनके बयान सोच-समझकर दिए जाते हैं, जिनका खंडन नहीं हो सकता। कांग्रेस की एकजुटता पर जोर देते हुए उन्होंने कहा कि पार्टी में कोई गुटबाजी नहीं है और सभी नेता मिलकर संगठन को मजबूत कर रहे हैं।
डोटासरा ने भजनलाल शर्मा सरकार पर जमकर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार पंचायत और निकाय चुनाव टाल रही है। जहां कांग्रेस के प्रधान या चेयरमैन हैं, वहां विकास कार्यों के लिए स्वीकृति नहीं दी जा रही। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार चुनावों से भाग रही है। चुनाव आयोग की निष्पक्षता पर सवाल उठ रहे हैं, क्योंकि सरकार के मंत्री ही चुनावों पर बयानबाजी कर रहे हैं। डोटासरा ने मंत्री झाबर सिंह खर्रा पर भी निशाना साधा और परिसीमन में तोड़फोड़ का आरोप लगाया।
डोटासरा ने भाजपा नेताओं पर तीखे शब्दों में हमला बोला। उन्होंने राजेंद्र राठौड़ को 'भूमिगत' बताते हुए कहा कि वह इस समय ठंडे पड़े हैं। वहीं, मदन राठौड़ पर कटाक्ष करते हुए कहा कि उनकी कोई सुनता नहीं, केवल दिल्ली से आई पर्ची चलती है। उन्होंने RAS परीक्षा तिथि और पर्ची बदलने की खबरों का जिक्र करते हुए भाजपा सरकार की कार्यशैली पर सवाल उठाए।
उन्होंने कहा कि मदन राठौड़ जी को तो बीजेपी में कोई मानता ही नहीं है, RAS Mains परीक्षा को लेकर उन्होंने खुद ने आश्वासन दिया, लेकिन हुआ क्या? जिस पार्टी में प्रदेश अध्यक्ष की ये हालत है,यहां ना सीएम, ना अध्यक्ष की चल रही, यहां पर्ची और खर्ची से सब चल रहा है।
डोटासरा ने संगठन को मजबूत करने की योजना का खुलासा किया। उन्होंने कहा कि सभी नगर कांग्रेस अध्यक्षों को 30 पदाधिकारियों की कार्यकारिणी गठित करनी होगी। निष्क्रिय नेताओं को हटाने की चेतावनी देते हुए उन्होंने कहा कि जो काम नहीं करेगा, उसे बदला जाएगा। टिकट वितरण में संगठन के पदाधिकारियों को अहम जिम्मेदारी दी जाएगी, ताकि मेहनती और जमीनी कार्यकर्ताओं को मौका मिले।
इस दौरान डोटासरा ने साफ किया कि कांग्रेस आगामी चुनावों में भाजपा को कड़ी टक्कर देने के लिए तैयार है। युवाओं और कर्मठ कार्यकर्ताओं के दम पर संगठन को फील्ड में मजबूत किया जाएगा। उन्होंने कार्यकर्ताओं से एकजुट होकर जनता के बीच जाने और सरकार की नाकामियों को उजागर करने का आह्वान किया।