MP Hanuman Beniwal On NEET Paper Leak | सांसद हनुमान बेनीवाल ने PMO को टैग कर पूछा, 'कब तक बिकेंगे पेपर?' माफियाओं को उम्रकैद की मांग।
देश की सबसे बड़ी मेडिकल प्रवेश परीक्षा NEET-UG 2026 के रद्द होने के बाद आरएलपी (RLP) सांसद हनुमान बेनीवाल ने सरकार और सिस्टम के खिलाफ आर-पार की जंग का ऐलान कर दिया है। सांसद ने साफ शब्दों में कहा है कि जब तक पेपर लीक माफियाओं को उम्रकैद जैसी सख्त सजा नहीं मिलेगी, तब तक गरीब और मध्यमवर्गीय परिवारों के बच्चों के सपनों की हत्या होती रहेगी।
हनुमान बेनीवाल ने अपनी पोस्ट में सीधे सिस्टम की विश्वसनीयता पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने पूछा कि आखिर इतनी बड़ी राष्ट्रीय स्तर की परीक्षा की सुरक्षा व्यवस्था फेल क्यों हुई? बेनीवाल के अनुसार, नीट पेपर लीक ने उन लाखों विद्यार्थियों और उनके परिवारों का भरोसा तोड़ा है जिन्होंने दिन-रात एक कर पढ़ाई की थी।
उन्होंने सरकार से पूछा कि विद्यार्थियों के मानसिक, आर्थिक और शैक्षणिक नुकसान की भरपाई आखिर कैसे होगी?
सांसद बेनीवाल ने प्रधानमंत्री कार्यालय से गुहार लगाई है कि इस प्रकरण की जांच कर रही केंद्रीय एजेंसी को जल्द से जल्द दोषियों के खिलाफ कड़ी कानूनी कार्यवाही करने हेतु विशेष निर्देश जारी किए जाएं। उन्होंने कहा कि मामला केवल छोटे प्यादों की गिरफ्तारी तक सीमित नहीं रहना चाहिए।
बेनीवाल ने एक अन्य पोस्ट में गहरी चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि हर बार जांच समितियां बनती हैं, कुछ गिरफ्तारियां होती हैं, लेकिन असली 'मगरमच्छ' हमेशा बच निकलते हैं।
"पेपर माफिया और सिस्टम में बैठे भ्रष्ट लोग पैसों के दम पर युवाओं का भविष्य बेच रहे हैं। सरकारें बयान देकर अपनी जिम्मेदारी से बचने का प्रयास करती हैं, लेकिन तंत्र के पीछे बैठे बड़े खिलाड़ियों तक कोई जांच एजेंसी नहीं पहुँचती।"
राजस्थान के परिप्रेक्ष्य में बात करते हुए बेनीवाल ने कहा कि एक तरफ गरीब किसान अपने बच्चों के सुनहरे भविष्य के लिए खून-पसीना एक करता है, वहीं दूसरी तरफ पेपर माफिया उनकी मेहनत का सौदा कर लेते हैं।
उन्होंने न केवल NEET बल्कि कृषि विज्ञान व्याख्याता भर्ती सहित राजस्थान में लगातार सामने आ रहे पेपर लीक के मामलों को लेकर भी सरकार को घेरा।
हनुमान बेनीवाल ने सरकारों से दृढ़ इच्छाशक्ति दिखाने की अपील की है। उनकी प्रमुख मांगें इस प्रकार हैं:
उम्रकैद की सजा: पेपर लीक में शामिल हर अपराधी को उम्रकैद जैसी कठोर सजा दी जाए।
पारदर्शी प्रणाली: परीक्षा प्रणाली को पूरी तरह जवाबदेह और पारदर्शी बनाया जाए।
युवाओं के साथ आरएलपी: बेनीवाल ने स्पष्ट किया कि उनकी पार्टी इस लड़ाई में देश की ईमानदार प्रतिभा और मेहनतकश युवाओं के साथ कंधे से कंधा मिलाकर खड़ी है।