एयर शो का सबसे भावुक क्षण तब आया, जब विमानों ने धुएं के जरिए आकाश में तिरंगा उकेरा और दिल की आकृति बनाई। वहीं सारंग टीम के स्वदेशी ध्रुव हेलीकॉप्टरों ने आई, क्रॉस, डबल क्रॉस और डॉल्फिन जैसी फॉर्मेशन प्रस्तुत कर रोमांच चरम पर पहुंचा दिया।
जयपुर। गुलाबी नगरी के ऐतिहासिक जलमहल क्षेत्र में आयोजित एयर शो ने रविवार को शहर के आसमान को रोमांच और देशभक्ति के रंगों से भर दिया। नीले गगन के नीचे भारतीय वायुसेना की प्रसिद्ध सूर्यकिरण एरोबैटिक टीम और सारंग हेलीकॉप्टर डिस्प्ले टीम ने ऐसा अद्भुत प्रदर्शन किया कि हजारों दर्शकों की नजरें देर तक आसमान पर टिकी रहीं। कार्यक्रम को देखने के लिए सुबह से ही आमेर रोड, जलमहल की पाल और आसपास की पहाड़ियों पर लोगों की भीड़ जुटने लगी थी।
समारोह में राजस्थान के राज्यपाल हरिभाऊ बागड़े, मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा और उपमुख्यमंत्री दीया कुमारी विशेष रूप से उपस्थित रहे। जैसे ही सूर्यकिरण टीम के हॉक विमानों ने एक साथ उड़ान भरी, आसमान उनकी गूंज से थर्रा उठा। विमानों ने डायमंड, तेजस और ब्रह्मोस जैसी आकर्षक फॉर्मेशन बनाकर दर्शकों का उत्साह बढ़ाया। पायलटों ने 100 से 1000 फीट तक की ऊंचाई पर सटीक तालमेल के साथ कई जटिल करतब दिखाए।
एयर शो का सबसे भावुक क्षण तब आया, जब विमानों ने धुएं के जरिए आकाश में तिरंगा उकेरा और दिल की आकृति बनाई। वहीं सारंग टीम के स्वदेशी ध्रुव हेलीकॉप्टरों ने योद्धा, आई, क्रॉस, डबल क्रॉस और डॉल्फिन जैसी फॉर्मेशन प्रस्तुत कर रोमांच चरम पर पहुंचा दिया। हेलीकॉप्टरों के बीच बेहद कम दूरी रखते हुए किया गया क्रॉसओवर प्रदर्शन दर्शकों के लिए सांसें थाम देने वाला रहा।
मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा ने कहा कि जयपुर में इस तरह का आयोजन शहर के लिए गर्व का विषय है और इससे युवाओं में सेना के प्रति आकर्षण बढ़ेगा। उन्होंने वायुसेना के कौशल, साहस और आधुनिक तकनीक की सराहना की। राज्यपाल ने भी इसे भारतीय सैन्य शक्ति और अनुशासन का प्रेरक प्रदर्शन बताया।
भीड़ के चलते यातायात व्यवस्था प्रभावित हुई, लेकिन लोगों का उत्साह कम नहीं हुआ। ‘भारत माता की जय’ के नारों से जलमहल क्षेत्र गूंज उठा और पूरा माहौल देशभक्ति की भावना से सराबोर हो गया।