-पार्षद कह रहे काम नहीं हो रहे, निगम का दावा: 70 करोड़ से अधिक के काम हो रहे
जयपुर। ग्रेटर नगर निगम में विकास कार्यों को गति नहीं मिल पा रही है। इस वित्तीय वर्ष में पार्षदों को वार्ड के विकास के लिए 55 लाख रुपए दिए गए हैं। हालांकि, कई पार्षदों का आरोप है कि अब तक उनके वार्डों में विकास के नाम पर एक ईंट भी नहीं लगी हैं। वहीं, कुछ पार्षदों ने जो निगम से अतिरिक्त बजट की मांग की है। इन पार्षदों का कहना है कि वार्ड में जो पैसे दिए गए हैं, उनसे सीमित काम हो पा रहे हैं। ऐसे में अतिरिक्त बजट दिया जाए। इसके लिए हाल ही में आयुक्त ने एक आदेश जारी किया है। महापौर की अध्यक्षता में कमेटी का गठन किया गया है। इस कमेटी में महापौर के अलावा उप-महापौर, आयुक्त, वित्तीय सलाहकार और मुख्य अभियंता को शामिल किया गया है। आदेश में लिखा है कि अतिरिक्त राशि की स्वीकृति के लिए कमेटी गठित की गई है।
50 लाख रुपए से क्या हो सकता है?
सीमेंट की सड़क: चार किमी तक
डामर की सड़क: आठ किमी तक
नई नाली: ़10 किमी तक
(सेवानिवृत्त मुख्य अभियंता से बातचीत के आधार पर)
-पांच लाख रुपए पार्कों के लिए हैं। इस पैसे से पार्कों में मरम्मत के काम करवाए जा सकते हैं।
निगम का दावा:
बोर्ड बनने के लिए निगम की ओर से 70 करोड़ रुपए से अधिक के विकास कार्य कराए जा रहे हैं। वहीं, 121 करोड़ रुपए के विकास कार्यों की रूपरेखा तैयार कर ली गई है। जैसे ही बजट आएगा, ये काम भी शुरू करा दिए जाएंगे।
महापौर बोलीं: दिवाली से पहले दिखेगा बदलाव
केंद्र सरकार से जल्द बजट मिलेगा। ऐसी स्थिति में हम अपने पार्षदों को 50 लाख रुपए और देने में सक्षम हो जाएंगे। इस बजट से जर्जर सीवरेज लाइन को बदलने का काम करेंगे। निगम सीमा क्षेत्र के हर व्यक्ति तक साफ पानी पहुंचाएंगे। दिवाली जगमग होना लाइट व्यवस्था बेहतर होगी। छह हजार लाइटें जल्द ही वार्डों को दी जाएगी।