
जयपुर. जेडीए की प्रवर्तन शाखा ने बुधवार को सीकर पर कार्रवाई कर 35 बीघा जमीन को अतिक्रमण से मुक्त करवाया। इसकी बाजार कीमत 14 करोड़ रुपए है। इसके अलावा मानसरोवर के पास नारायण विहार-बी योजना की पीएचईडी को आवंटित एक हजार वर्ग गज भूमि को भी अतिक्रमण मुक्त कराया गया।
मुख्य नियंत्रक रघुवीर सैनी ने बताया कि सीकर रोड स्थित ग्राम जाहोता की ढाणी प्रतेहपुरा और ग्राम राजावास में जेडीए की भूमि पर काश्तकारो ने कई वर्षों से कब्जा कर रखा था। यहां पर खेती व अन्य कृषि कार्य कर रहे थे। 15 जुलाई को नोटिस देकर अतिक्रमण हटाने के निर्देश दिए थे, लेकिन किसी ने अतिक्रमण नहीं हटाया और उसके बाद यह कार्रवाई की गई।
वहीं, नारायण विहार-बी योजना की पी.एच.ई.डी. को आवंटित 1000 वर्गगज भूमि के सुविधा क्षेत्र व सड़क सीमा में अतिक्रमण कर रखा था। इन सभी को हटा दिया गया। मौके पर जलदाय विभाग के अधिकारियों को कब्जा संभला दिया।
कर रहे थे बाजरे की खेती
जिस 35 बीघा पर जेडीए ने कार्रवाई की, उसमें से अधिकतर पर काश्तकारों ने बाजरे की फसल बो रखी थी। नोटिस देने के बाद अधिकतर काश्तकार फसल पकने का समय मांग रहे थे, लेकिन प्रवर्तन शखा के अधिकारियों का कहना है कि पिछले कई माह से यही विवाद चल रहा है। इस वजह से समय नहीं दिया।