
Weather Update : वर्तमान में उत्तर-पश्चिमी बंगाल की खाड़ी व आस-पास के लगे पश्चिम बंगाल, उड़ीसा तट पर एक कम दबाव का क्षेत्र (LOW) बना हुआ है। इसके आगामी 24 घंटों में तीव्र होकर वेल मार्क लो प्रेशर एरिया (WML) बनने की प्रबल संभावना है। उधर मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि सितंबर माह की शुरूआत में राजस्थान में झमाझम बरसात हो सकती है। मौसम विभाग के अनुसार राज्य के अधिकांश भागों में आगामी 4-5 दिन कमजोर मानसून परिस्थितियां जारी रहने की संभावना है। हालांकि, उत्तर-पूर्वी व पूर्वी भागों में 3 सितंबर से बारिश का एक नया दौर शुरू होने की संभावना है। 4 से 7 सितंबर के दौरान भरतपुर, कोटा, जयपुर, अजमेर व उदयपुर संभाग में कहीं-कहीं हल्की मध्यम बारिश होने की संभावना है।
मौसम विभाग के अनुसार पश्चिमी राजस्थान के जोधपुर, बीकानेर संभाग के अधिकांश भागों में आगामी दिनों में कमजोर मानसून परिस्थितियां जारी रहने की संभावना है। हालांकि, 5 से 8 सितंबर के दौरान बीकानेर संभाग में केवल छुटपुट स्थानों पर हल्की मध्यम बारिश होने की संभावना है।
मौसम विभाग ने 5 सितंबर तक का दैनिक वर्षा पूर्वानुमान भी जारी कर दिया है। 31 अगस्त को पूर्वी और पश्चिमी राजस्थान में मौसम शुष्क रहने की संभावना जताई है। 1 सितंबर को उदयपुर संभाग, 2 सितंबर को भरतपुर, कोटा और उदयपुर संभाग, 3,4 और 5 सितंबर को भरतपुर, उदयपुर, बीकानेर और जोधपुर संभागों में बरसात की संभावना जताई है।
मौसम विभाग ने 1 सितंबर को भरतपुर, डीग, धौलपुर में मेघगर्जन और वज्रपात का येलो अलर्ट जारी किया है। 2 सितंबर को अलवर, भरतपुर, दौसा, डीग, धौलपुर, करौली, सवाई माधोपुर जिलों में कहीं कहीं मेघगर्जन, वज्रपात, 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवा चलने का येलो अलर्ट जारी किया है। 3 सितंबर को भी कई जिलों में येलो अलर्ट है।
प्रदेश के बांधों की वर्तमान स्थिति का आंकड़ा जारी हुआ है। बांधों में कुल भराव क्षमता का 57.70 प्रतिशत पानी है। बीते 24 घंटे के दौरान 22.44 एमक्यूएम पानी की आवक हुई है। बांधों में 15 जून से अब तक 13.24 प्रतिशत पानी की आवक हुई है। जबकि बीते साल कुल भराव क्षमता का 82.94 प्रतिशत पानी था। जयपुर जोन के बांधों में कुल भराव क्षमता का 57.91 प्रतिशत पानी है।