जयपुर

ट्रेनों में रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक मोबाइल चार्जिंग पॉइंट बंद: रेलवे बोर्ड का सख्त आदेश

यह कदम हाल ही में हुई एक घटना के बाद उठाया गया है, जिसमें चार्जिंग के दौरान यात्री का पावर बैंक फट गया था। 2014 में भी इसी तरह के निर्देश जारी किए गए थे। उस समय भी आग की घटनाओं को देखते हुए रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक चार्जिंग पॉइंट बंद रखने की सिफारिश की गई थी। लेकिन कई जोनों में इन निर्देशों का पालन नहीं हो रहा था।
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Updated: 28 Oct 2026, 2:18 PM IST
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भारतीय रेलवे ने यात्रियों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए एक महत्वपूर्ण फैसला लिया है। अब ट्रेनों के कोचों में लगे मोबाइल चार्जिंग पॉइंट रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक बंद रहेंगे। रेलवे बोर्ड ने सभी जोनल रेलवे को इस निर्देश का सख्ती से पालन करने के आदेश दिए हैं। यह कदम हाल ही में हुई एक घटना के बाद उठाया गया है, जिसमें चार्जिंग के दौरान यात्री के मोबाइल का पावर बैंक फट गया था।

दक्षिण पूर्व रेलवे में हुई घटना ने बढ़ाई चिंता

25 अक्टूबर 2026 को मुंबई से हावड़ा जा रही ट्रेन की बोगी में एक यात्री का पावर बैंक चार्जिंग के दौरान धुएं के साथ फट गया। जांच में सामने आया कि निर्धारित समय के दौरान चार्जिंग पॉइंट बंद नहीं किए गए थे। इस घटना ने रेलवे अधिकारियों को चेताया कि रात के समय चार्जिंग सुविधा से आग लगने का खतरा बढ़ जाता है। रेलवे बोर्ड के विशेष कार्य अधिकारी (विद्युत इंजीनियरिंग) ने 26 अक्टूबर को सभी जोनल रेलवे के प्रधान मुख्य यांत्रिक इंजीनियरों को पत्र जारी कर सख्त निर्देश दिए।

2014 के पुराने नियमों का सख्ती से पालन

रेलवे बोर्ड ने याद दिलाया कि 2014 में भी इसी तरह के निर्देश जारी किए गए थे। उस समय भी आग की घटनाओं को देखते हुए रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक चार्जिंग पॉइंट बंद रखने की सिफारिश की गई थी। लेकिन कई जोनों में इन निर्देशों का पालन ठीक से नहीं हो रहा था। दक्षिण पूर्व रेलवे की घटना के बाद बोर्ड ने कहा है कि अब किसी भी तरह की छूट नहीं दी जाएगी। ऑनबोर्ड स्टाफ को विशेष प्रशिक्षण दिया जाएगा और औचक निरीक्षण किए जाएंगे। लापरवाही पाए जाने पर संबंधित कर्मचारियों के खिलाफ अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।

यात्रियों की सुरक्षा ही प्राथमिकता

रेलवे का मानना है कि रात के समय जब ज्यादातर यात्री सो रहे होते हैं, तब चार्जिंग डिवाइस अनअटेंडेड रह जाते हैं। पावर बैंक या मोबाइल फोन के ओवरहीट होने से आग लगने की संभावना बढ़ जाती है। पिछले कुछ वर्षों में ट्रेनों में ऐसी कई घटनाएं सामने आई हैं। इसलिए यह एहतियाती कदम जरूरी है। दक्षिण पूर्व रेलवे ने तो 15 दिवसीय सुरक्षा अभियान भी शुरू कर दिया है, जिसमें चार्जिंग पॉइंट बंद रखने की निगरानी की जा रही है। यात्रियों से भी अपील की गई है कि वे नियमों का पालन करें और जरूरत पड़ने पर पावर बैंक साथ रखें।

रात की यात्रा करने वाले यात्री क्या करें?

इस नए नियम से रात में यात्रा करने वाले यात्रियों को कुछ असुविधा हो सकती है। खासकर लंबी दूरी की ट्रेनों में जहां मोबाइल फोन चार्ज रखना जरूरी होता है। रेलवे सुझाव दे रहा है कि यात्री दिन के समय या सुबह 5 बजे के बाद चार्जिंग का इस्तेमाल करें। कई ट्रेनों में अभी भी पावर बैंक की अनुमति है, लेकिन चार्जिंग पॉइंट रात में बंद रहेंगे। विशेषज्ञों का कहना है कि यह फैसला सही दिशा में है क्योंकि सुरक्षा सबसे पहले आती है। रेलवे बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि सभी जोनल रेलवे को तुरंत यह व्यवस्था लागू करनी होगी।

आदेश पूरे भारतीय रेल नेटवर्क पर लागू

यह आदेश पूरे भारतीय रेल नेटवर्क पर लागू होगा। यात्री संगठनों ने भी सुरक्षा को प्राथमिकता देते हुए इस कदम का स्वागत किया है, हालांकि कुछ ने सुविधा बढ़ाने की मांग भी की है। रेलवे का लक्ष्य है कि आग जैसी घटनाओं को पूरी तरह रोका जाए। रेलवे ने यात्रियों से अनुरोध किया है कि वे इस नियम का पालन करें और सुरक्षित यात्रा करें। अधिक जानकारी के लिए आधिकारिक रेलवे वेबसाइट या ऐप पर अपडेट चेक करें।

Updated on:
28 Oct 2026, 2:18 PM IST
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