
पूर्व मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने शनिवार, 11 अप्रैल को अपनी चर्चित सीरीज 'इंतजारशास्त्र' का चैप्टर-20 रिलीज करते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और प्रदेश की मौजूदा भाजपा सरकार पर अब तक का सबसे तीखा हमला बोला है। गहलोत ने पीएम मोदी के 2 अक्टूबर 2023 के पुराने भाषण का वीडियो साझा कर सीधे सवाल दागा है- "मोदी की गारंटी या चुनावी जुमला?"
अशोक गहलोत ने सोशल मीडिया पर पीएम मोदी का वह वीडियो साझा किया है, जिसमें वे राजस्थान के चुनावी दौरों के दौरान जनता को आश्वस्त कर रहे थे कि यदि भाजपा की सरकार आती है, तो कांग्रेस सरकार की जनहितकारी योजनाओं और प्रोजेक्ट्स को रोका नहीं जाएगा। गहलोत ने तंज कसते हुए लिखा कि पीएम मोदी ने वादा किया था कि काम नहीं रुकेंगे, लेकिन 'इंतजारशास्त्र' के पिछले 19 चैप्टर गवाह हैं कि यह दावा सिर्फ एक छलावा साबित हुआ है।
पूर्व मुख्यमंत्री ने आरोप लगाया कि वर्तमान भाजपा शासन में कांग्रेस सरकार द्वारा शुरू किए गए जनहित के प्रोजेक्ट्स की जानबूझकर उपेक्षा की जा रही है। गहलोत के अनुसार, राजस्थान की जनता के हक पर भाजपा का 'राजनीतिक प्रतिशोध' भारी पड़ रहा है। उन्होंने कहा कि योजनाओं को एक सोची-समझी साजिश के तहत कमजोर किया गया है, जिससे प्रदेश की जनता को मिलने वाले लाभ रुक गए हैं।
गहलोत ने अपने पोस्ट में कड़े शब्दों का इस्तेमाल करते हुए कहा, "आज प्रदेश की जनता मोदी की 'गारंटी' और जमीनी हकीकत का अंतर साफ देख रही है। राजस्थान की भाजपा सरकार ने ही मोदी की गारंटी की हवा निकाल दी है।" उन्होंने चेतावनी भरे लहजे में कहा कि राजस्थान की भोली-भाली जनता को झांसा देने वालों को जनता कभी माफ नहीं करेगी।
अशोक गहलोत पिछले कई हफ्तों से लगातार 'इंतजारशास्त्र' सीरीज चला रहे हैं। इसके हर चैप्टर में वे एक ऐसी योजना या प्रोजेक्ट का जिक्र करते हैं जो भाजपा सरकार आने के बाद या तो बंद कर दी गई है या ठंडे बस्ते में डाल दी गई है।