जयपुर

परकोटे में आवारा पशुओं के बाद अब बंदरों का हमला, चार लोगों को बनाया शिकार

एक सप्ताह में चार लोगों को बंदरों ने काटा, अधिकारी बेफिक्र
2 min read
jaipur

जयपुर। राजधानी के परकोटा क्षेत्र में आवारा पशुओं के बाद अब बंदरों का आतंक शुरू हो गया है परकोटा की तालकटोरा कॉलोनी में बीते एक सप्ताह में 4 लोगों को बंदरों ने काट खाया। वहीं बच्चे और बुजुर्गों को भी घायल कर चुके हैं। लेकिन शिकायत के बावजूद न तो निगम बंदरों को पकडऩे के लिए गाड़ी भेजता है न ही अधिकारी शिकायतों पर कोई ठोस कदम उठाते हैं।

शुक्रवार को भी तालकटोरा निवासी विनोद सोनी को दोपहर ढाई बजे के करीब बंदर घर से निकलते समय पांव पर काट गया। लहूलुहान विनोद को घरवाले एसएमएस अस्पताल ले गए जहां उन्हें उपचार के बाद घर भेज दिया गया। इससे एक पखवाड़े पहले विनोद के भाई को भी बंदरों ने घेर के घायल कर दिया और पांव में दो-तीन जगह काट लिया था। स्थानीय लोगों ने बताया कि यहां पुरानी बस्ती, जयनिवास उद्यान और गोविंद देवजी मंदिर के आस-पास बहुतायत में बंदरों के आधा दर्जन समूह रहते हैं। ये अक्सर घरों की छत पर बैइे रहते हैं और लोगों पर अचानक हमला कर देते हैं। बच्चों, बुजुर्ग और महिलाओं का इनके भय के कारण घरों से निकलना और छतों पर आना बंद हो गया है। एक सप्ताह में बंदरों के हमले में घायल होने और उनके काटने की ये चौथी घटना है।

निगम के पास नहीं संसाधन
लोगों ने बताया कि इस संबंध में जब भी निगम के टोल फ्री नंबर, जोन कार्यालय और अधिकारियों को शिकायत करो तो हमेशा गाड़ी भेजने का आश्वासन देकर दोबारा फोन ही नहीं उठाते। बंदरों के आए दिन की धमाचौकड़ी से आजिज लोग इस संबंध में पार्षद को भी गुहार लगा चुके हैं लेकिन कार्रवाई के नाम पर आज तक एक भी बंदर को पकड़कर पुनर्वास नहीं किया गया। दरअसल निगम के पास बंदरों को पकडऩे और उनके पुनर्वास के लिए न तो संसाधन हैं न ही कोई नीति ऐसे में लोगों को उनके हाल पर छोड़कर निगम भी मामले से पल्ला झाड़ लेता है।

Updated on:
21 Apr 2018 02:33 pm
Published on:
21 Apr 2018 02:33 pm