Gas Booking Fraud: केरल पुलिस के अलर्ट की तरह ही राजस्थान में भी पुलिस ने अलर्ट जारी किया है। पुलिस ने कहा है गैस सिलेंडर की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों से सावधान रहें।
मोहित शर्मा.
जयपुर. एलपीजी गैस सिलेंडर की किल्लत की अफवाहों का फायदा उठाकर साइबर ठगों ने नया खतरनाक जाल बिछा दिया है। केरल पुलिस ने इसको लेकर सख्त अलर्ट जारी किया – “गैस बुकिंग अपडेट” या “बिल पेंडिंग” के नाम पर व्हाट्सएप पर भेजी जा रही APK फाइल घातक है। एक बार इंस्टॉल होते ही ठग मोबाइल का पूरा कंट्रोल ले लेते हैं और बैंक अकाउंट खाली कर देते हैं।
साइबर विशेषज्ञों का कहना है कि रोजमर्रा की जरूरत गैस को निशाना बनाकर ठग आसानी से लोगों को फंसा रहे हैं। केरल पुलिस ने अपील की – “एक क्लिक आपकी जिंदगी बदल सकता है, सावधान रहें।
केरल पुलिस के अलर्ट की तरह ही राजस्थान में भी पुलिस ने अलर्ट जारी किया है। पुलिस ने कहा है गैस सिलेंडर की कमी को लेकर फैल रही अफवाहों से सावधान रहें। घरेलू गैस सिलेंडर की आपूर्ति सामान्य रूप से जारी है। कृपया घबराएं नहीं और बिना पुष्टि की जानकारी साझा न करें। अफवाह फैलाना और भ्रामक जानकारी साझा करना कानूनन अपराध है। जागरूक बनें, सही जानकारी ही आगे बढ़ाएं। राजस्थान पुलिस आपसे अपील करती है सतर्क नागरिक बनें, अफवाहों को नहीं, सही जानकारी को ही आगे बढ़ाएं।
केरल पुलिस साइबर सेल के अनुसार, ठग पहले SMS या व्हाट्सएप मैसेज भेजते हैं – “आपका गैस बिल अपडेट करें, बुकिंग अधूरी है, जल्दी एक्शन लें”। फिर “Gas Bill update APK” या “LPG Booking Urgent” नाम की फाइल भेज देते हैं। जैसे ही पीड़ित इसे डाउनलोड और इंस्टॉल करता है, मैलवेयर फोन में घुस जाता है। ठग बैंकिंग ऐप, UPI डिटेल, पासवर्ड और OTP चुरा लेते हैं। कुछ ही मिनटों में पैसे ट्रांसफर हो जाते हैं।
पुलिस ने बताया कि मिडिल ईस्ट तनाव के चलते गैस सप्लाई प्रभावित होने की खबरों का सहारा लेकर ठग “अर्जेंट बुकिंग” का लालच दे रहे हैं। दिल्ली पुलिस, पंजाब पुलिस, हैदराबाद, मंगलौर और ओडिशा पुलिस ने भी इसी तरह के अलर्ट जारी किए हैं। नेशनल साइबर क्राइम हेल्पलाइन 1930 पर रोजाना ऐसे केस की शिकायतें बढ़ रही हैं।
- कभी भी SMS या व्हाट्सएप पर आए अनजान लिंक/APK फाइल न खोलें और न इंस्टॉल करें।
- गैस बुकिंग सिर्फ आधिकारिक ऐप्स (myLPG.in, Indane/HP/BPCL ऐप) से करें।
- किसी भी “गैस एजेंसी” के नाम से OTP, UPI PIN या बैंक डिटेल न दें।
- शक हो तो अपने असली गैस डिस्ट्रीब्यूटर से फोन पर पुष्टि करें।
- ठगी हो जाए तो तुरंत बैंक को ब्लॉक करें और cybercrime.gov.in पर रिपोर्ट करें या 1930 पर कॉल करें।