जयपुर. रियल एस्टेट के लिहाज से राजधानी जयपुर देश की राइजिंग सिटी में शामिल हो गया है। हाल ही एक सर्वे रिपोर्ट में सामने आया है कि बुनियादी ढांचे का विस्तार, स्मार्ट सिटी के विकास कार्य और शहरी विस्तार की वजह से गति मिल रही है। इसके लिए एक्सप्रेस वे और मजबूत होते रोड नेटवर्क […]
जयपुर. रियल एस्टेट के लिहाज से राजधानी जयपुर देश की राइजिंग सिटी में शामिल हो गया है। हाल ही एक सर्वे रिपोर्ट में सामने आया है कि बुनियादी ढांचे का विस्तार, स्मार्ट सिटी के विकास कार्य और शहरी विस्तार की वजह से गति मिल रही है। इसके लिए एक्सप्रेस वे और मजबूत होते रोड नेटवर्क को भी एक बड़ा कारण माना गया है। जमीन की कीमतों में वृद्धि होने के आसार हैं।
रियल एस्टेट कंसल्टेंसी फर्म कोलियर्स की रिपोर्ट में भौतिक बुनियादी ढांचे, सामाजिक बुनियादी ढांचे, जनसंख्या और आर्थिक कारकों जैसे मापदंडों पर मूल्यांकन किया गया है। यह सर्वे देश के 30 शहरों में किया गया है। इसमें टॉप थ्री शहर नागपुर, जयपुर और लखनऊ हैं। इस रिपोर्ट पर गौर करें तो इन शहरों में वर्ष 2035 तक भूमि की कीमत में 5.2 गुना तक वृद्धि होने की संभावना है।
मजबूत रोड नेटवर्क का मिल रहा फायदा
-कोलियर्स ने आठ प्रमुख एक्सप्रेस वे का विश्लेषण किया है। इसमें जयपुर-दिल्ली एक्सप्रेस को भी शामिल किया है। रिपोर्ट में माना है कि बेहतर रोड नेटवर्क विकसित होने से जयपुर रियल एस्टेट हॉटस्पॉट में बदल रहा है। इससे भूमि की कीमतें और आवासीय, वाणिज्यिक और औद्योगिक स्थानों की मांग बढ़ गई है।
-जयपुर का बाहरी इलाका भंडारण और लॉजिस्टिक्स का केंद्र बन रहा है। इससे रोजगार के अवसर पैदा हो रहे हैं और आवास-वाणिज्यिक स्थानों की मांग भी बढ़ रही है।
तेजी से बढ़ रहा है शहर का दायरा
ऐतिहासिक शहर का दायरा तेजी से बढ़ रहा है। शहर के बाहरी इलाके में बड़े प्रोजेक्ट आ रहे हैं। लोगों को परेशान न होना पड़े, इसके लिए इन प्रोजेक्ट में मूलभूत सुविधाएं भी विकसित की जा रही हैं। इनमें न सिर्फ मॉल, सिनेमा हॉल हैं। बल्कि बच्चों के लिए प्ले स्कूल भी डवलप किए जा रहे हैं।