जयपुर

भरतपुर और धौलपुर के जाटों को अब ओबीसी में मिलेगा आरक्षण, समाज के लोगों ने जताई खुशी

सरकार ने भरतपुर व धौलपुर के जाटों की मांग आखिरकार मान ली। दोनों जिलों को अब प्रदेश के अन्य जिलों की तरह ओबीसी में शामिल कर लिया है।
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Updated: 23 Aug 2017, 9:25 PM IST
jat reservation
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जयपुर/भरतपुर। सरकार ने भरतपुर व धौलपुर के जाटों की मांग आखिरकार मान ली। दोनों जिलों को अब प्रदेश के अन्य जिलों की तरह ओबीसी में शामिल कर लिया है। इसके लिए सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग के अतिरिक्त मुख्य सचिव जेसी महांन्ति ने नोटिफिकेशन जारी किया।

आदेश जारी होने के बाद भरतपुर व धौलपुर में जाट समाज के लोगों में खुशी की लहर दौड़ गई। भरतपुर में यातायात कार्यालय के पास आतिशबाजी कर खुशी का इजहार किया।

इससे पहले इस मुद्दे पर मंत्रीमंडल ने मुहर लगाई। मंत्रीमंडल के आदेश के आधार पर विभाग ने नोटिफिकेशन जारी किया। दोनों जिलों की जातियों तो क्रम संख्या ५४ पर शामिल किया गया है।

भरतपुर में जाट आरक्षण संघर्ष समिति के अध्यक्ष विधायक विश्वेन्द्र सिंह ने इसको सभी की जीत बताया है। उन्होंने कहा कि नोटिफिकेशन जारी होने से इसका लाभ अन्य प्रदेश नहीं देशभर में फैले जाट समाज के लोगों को आरक्षण मिलने में सहुलियत मिलेगी। विधायक ने कहा कि राज्य सरकार ने व्यवस्थित तरीके से धौलपुर-भरतपुर जिले के जाटों को आरक्षण देने की प्रक्रिया अपनाई है, उससे आगे भी समाज के लोगों को फायदा मिलेगा।

सरकार ने ओबीसी आयोग का गठन कर दोनों जिले में सर्वे कराया और आयोग ने 600 पेज की रिपोर्ट सौंपी। जिस पर सरकार ने अध्ययन कर नोटिफिकेशन जारी किया है। उन्होंने कहा कि दोनों जिले के जाटों को आरक्षण नहीं मिलने से युवा वर्ग में खासी निराशा थी और सरकारी नौकरियों से वह वंचित हो रहे थे।

इससे जाट आरक्षण संघर्ष समिति ने राज्य सरकार को बुधवार शाम तक मामले में निर्णय लेने का समय दिया था। समिति के संयोजक नैम सिंह फौजदार सहित अन्य लोग आंदोलन की तैयारी जुट गए थे और जिले में लोगों को आंदोलन के लिए तैयार रहने का आह्वान किया था। इसको लेकर पुलिस प्रशासन भी सतर्क बना हुआ था।

Updated on:
23 Aug 2017, 9:25 PM IST
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