
Patwar Exam Scam 2021: राजस्थान की पटवार भर्ती परीक्षा-2021 में फर्जीवाड़े का एक बड़ा मामला सामने आया है। स्पेशल ऑपरेशन ग्रुप (SOG) ने डमी अभ्यर्थी से परीक्षा दिलवाकर सरकारी नौकरी हासिल करने वाले एक निलंबित पटवारी को गिरफ्तार किया है। जांच में सामने आया कि आरोपी ने खुद परीक्षा देने के बजाय अपने स्थान पर दूसरे व्यक्ति को बैठाया था। इसके बाद चयन होने पर उसने सिरोही जिले में पटवारी की नौकरी भी हासिल कर ली। फिलहाल आरोपी से पूछताछ की जा रही है और पूरे गिरोह की भूमिका की जांच जारी है।
एडीजी एसओजी ने बताया कि मामले की शुरुआत एक गोपनीय शिकायत से हुई थी। शिकायत की प्रारंभिक जांच में आरोप सही पाए जाने पर एसओजी थाने में मामला दर्ज किया गया। जांच के दौरान सामने आया कि मूल अभ्यर्थी जालौर के रहने वाले दिनेश कुमार विश्नोई ने 23 अक्टूबर 2021 को उदयपुर के परीक्षा केंद्र पर अपने स्थान पर डमी अभ्यर्थी से परीक्षा दिलवाई थी। एसओजी की जांच में पता चला कि परीक्षा के लिए जारी प्रवेश पत्र पर डमी अभ्यर्थी की फोटो लगाई गई थी। इतना ही नहीं, पहचान छिपाने के लिए जाली हस्ताक्षरों का भी इस्तेमाल किया गया। इसी फर्जीवाड़े के जरिए आरोपी ने परीक्षा पास कर ली और बाद में सिरोही जिले की पिंडवाड़ा तहसील के मंगरीवाड़ा पटवार हल्के में पटवारी के पद पर नियुक्ति हासिल कर ली।
जांच में यह भी सामने आया कि आरोपी ने एक दलाल के जरिए डमी अभ्यर्थी से परीक्षा दिलवाने के लिए करीब 5 लाख रुपये नकद दिए थे। एसओजी ने दलाल की पहचान चौथाराम विश्नोई उर्फ गिला और डमी अभ्यर्थी की पहचान विक्रम विश्नोई के रूप में की है। दोनों की भूमिका की भी गहन जांच की जा रही है। एसओजी की टीम ने लगातार तलाश के बाद 34 साल के दिनेश कुमार विश्नोई को गिरफ्तार कर लिया। वह फिलहाल निलंबित पटवारी है और पहले सिरोही के पिंडवाड़ा उपखंड अधिकारी कार्यालय में तैनात था। अब एसओजी उससे पूछताछ कर रही है ताकि पता लगाया जा सके कि इस पूरे फर्जीवाड़े में और कौन-कौन शामिल था। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि कहीं इसी तरह दूसरे लोगों को भी सरकारी नौकरी तो नहीं दिलाई गई।